ठाणे जिले में 13 दिन की देरी से मानसून सक्रिय; पहली ही झमाझम बारिश ने खोली केडीएमसी के नाला सफाई दावों की पोल

Thane Monsoon News: ठाणे में देरी से पहुंचा मानसून, मोरबे डैम का जलस्तर सुधरा। वहीं कल्याण-डोंबिवली में पहली ही बारिश से जलभराव होने पर केडीएमसी के दावों की पोल खुल गई है।
Monsoon arrives late in Thane bringing relief to farmers & dams. However, heavy rains caused severe waterlogging and traffic jams in Kalyan-Dombivli areas.
झमाझम बारिश (फोटो.सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

Thane Monsoon IMD Orange Alert: आखिरकार मानसून का इंतजार खत्म हो गया। लगभग 13 दिन देरी से ठाणे जिले में मानसून सक्रिय हुआ है। ठाणे शहर सहित पूरे जिले में मंगलवार को बहुप्रतीक्षित बारिश की शुरुआत हुई। बारिश की वजह से ठाणे शहर, कल्याण, डोंबिवली, नवी मुंबई, भिवंडी में मौसम सुहाना हो गया है। बारिश की वजह से भिवंडी, वाड़ा, शहापुर, मुरबाड जैसे अन्य इलाकों के किसानों में खुशी की लहर दौड़ गयी है। ठाणे मनपा के आपदा प्रबंधन कक्ष से मिली जानकारी के मुताबिक सोमवार को शाम तक 10 मिमी बारिश रिकार्ड की गयी। जबकि पिछले वर्ष इस कालावधि तक मानसून की एक चौथाई यानी 755 मिमी बारिश हुई थी।

बेसब्री से हो रहा था बारिश का इंतजार

इस साल मानसून का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा था। मुंबई सहित ठाणे जिले को जलापूर्ति करने वाले सभी जलाशयों का जल स्तर बहुत नीचे जाने की वजह से पेयजल संकट उत्पन्न हो गया है। जल संपदा विभाग ने पानी का नियोजन करने का निर्देश दिया है जिसकी वजह से 20 से 50 प्रतिशत तक पानी कटौती की जा रही है।

मोरबे डैम के जलस्तर में वृद्धि

नवी मुंबई सहित पूरे जिले में मॉनसून ने आखिरकार दस्तक दे दी है और झमाझम बारिश की शुरुआत हो गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मुंबई और उत्तर कोंकण क्षेत्र में मॉनसून के आधिकारिक आगमन की पुष्टि की है और ठाणे क्षेत्र के लिए ऑरेज अलर्ट जारी किया है।

लंबे समय तक पड़ी भीषण गर्मी और उमस के बाद इस पहली बारिश ने आम जनता को भारी राहत पहुंचाई है। मॉनसून के इस पहले चरण में ठाणे के साथ ही वाशी, पनवेल, कल्याण सहित जिले के विभिन्न हिस्सों में काले बादलों, तेज हवाओं और गरज के साथ बारिश दर्ज की गई है।

मानसून के आगमन की राह केवल आम नागरिक ही नहीं बल्कि प्रशासन भी देख रहा था। नवी मुंबई के लोगों की प्यास बुझाने वाले मोरबे डैम परिसर में बारिश होना आवश्यक हो गया था। मानसून की बेरुखी के कारण डैम का जलस्तर बहुत नीचे चला गया था।

केवल 12.73 प्रतिशत पानी बचा था, जिसको लेकर बहुत अधिक चिंता जतायी जा रही थी। सोमवार एवं मंगलवार को बारिश होने की वजह से जल स्तर में वृद्धि हुई है। जल भंडारण बढ़ कर 26.40 हो गया है। नवी मुंबई मनपा का आपदा प्रबंधन विभाग मानसून के दौरान किसी भी परिस्थिति का सामना करने के लिए तैयार है।

पहली बारिश ने खोली नाला सफाई की पोल

मानसून की पहली बारिश ने ही कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका (केडीएमसी) के नाला सफाई के दावों की हकीकत सामने ला दी। मंगलवार को हुई बारिश के बाद कल्याण और डोंबिवली के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

कई स्थानों पर नाले उफन कर सड़कों पर आ गए, जबकि यातायात भी प्रभावित हुआ। मंगलवार सुबह से शुरू हुई बारिश ने दोपहर तक रफ्तार पकड़ी और इसके साथ ही शहर के विभिन्न हिस्सों से जलभराव की तस्वीरें सामने आने लगीं। कल्याण पूर्व के चेतना स्कूल परिसर में सड़कें पानी में डूब गईं, जिससे विद्यार्थियों, अभिभावकों और स्थानीय नागरिकों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

केडीएमसी प्रशासन की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

इस क्षेत्र की तस्वीरें सामने आने के बाद मनपा प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। वहीं कल्याण पश्चिम रेलवे स्टेशन परिसर में चल रहे उड़ान पुल के निर्माण कार्य के कारण वोडाफोन गैलरी के सामने पानी जमा हो गया। स्टेशन से बाहर निकलने वाले हजारों यात्रियों को पानी से होकर गुजरना पड़ा। दूसरी ओर कल्याण-शील रोड पर मेट्रो निर्माण कार्य के चलते पहले से ही प्रभावित यातायात पर बारिश ने और असर डाला।

सूचक नाका क्षेत्र में जलभराव होने से वाहनों की रफ्तार थम गई और लंबा जाम देखने को मिला। कल्याण से डोंबिवली को जोड़ने वाली 90 फीट रोड पर ट्रांसफार्मर सहित बिजली का खंभा गिरने की घटना ने भी प्रशासनिक तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए। हालांकि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन बड़ा हादसा टल गया।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com