ठाणे के विकास में कच्छी समाज का योगदान, उपमुख्यमंत्री शिंदे ने किया समाजरत्नों को किया सम्मानित

Eknath Shinde In Thane: ठाणे में कच्छी अस्मिता मंच के सम्मान समारोह में पहुंचे उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने शहर के विकास, इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स और कच्छी समाज के योगदान पर अपने विचार साझा किए।
Eknath Shinde In Kacchi Pagdi Konshire Program
कच्छी समाज के युवाओं को सम्मानित करते उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Eknath Shinde In Kacchi Pagdi Konshire Program: महाराष्ट्र के ठाणे में कच्छी अस्मिता मंच द्वारा आयोजित 'कच्छी पगडी कोणा शिरे' सम्मान समारोह में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि कच्छी समाज से उनका पारिवारिक और आत्मीय रिश्ता हमेशा बना रहेगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि ठाणे के सर्वांगीण विकास के लिए राज्य सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि ठाणे के सर्वांगीण विकास में कच्छी समाज का भी योगदान है।

19 साल से हो रहा है आयोजन

समाजसेवा में उल्लेखनीय योगदान देने वाली हस्तियों को सम्मानित करने वाले कच्छी पगडी कोणा शिरे कार्यक्रम का आयोजन लगातार 19 सालों से हो रहा है। हर साल इस समारोह में शामिल होने की बात कहते हुए शिंदे ने कहा कि जिस तरह हम घर के कार्यक्रम में हर परिस्थिति में जाते हैं, उसी भावना से मैं हर साल यहां आता हूं। कच्छी समाज अलग-अलग क्षेत्रों में अच्छा काम करने वालों को पगड़ी पहनाकर सम्मानित करता है। इससे समाज में और बेहतर काम करने की प्रेरणा मिलती है।

सुरेश गडा के काम की तारीफ

इस दौरान पुरस्कार के लिए चुने गए 40 वर्षीय एक युवा के हृदयाघात से निधन पर उन्होंने गहरा दुख जताया और श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम के मुख्य संयोजक सुरेश गडा के काम की सराहना करते हुए शिंदे ने कहा कि सुरेश गडा कई वर्षों से समाजसेवा में लगे हैं। अगर धर्मवीर आनंद दिघे के सच्चे और निष्ठावान शिवसैनिक कोई हैं तो वह सुरेश गडा हैं। उन्होंने हिंदी में भी कहा कि चालीस साल से शिवसेना के साथ खड़ा, उसका नाम है सुरेश गडा।

आषाढ़ी बीज और ठाणे के विकास पर जोर

आषाढ़ी बीज को कच्छी समाज का नववर्ष बताते हुए उन्होंने सभी को नववर्ष की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा, "जैसे मराठी लोगों के लिए गुढ़ीपाड़वा महत्वपूर्ण है, वैसे ही कच्छी समाज के लिए आषाढ़ी बीज नववर्ष की शुरुआत है।" धर्मवीर आनंद दिघे को याद करते हुए उन्होंने कहा कि दिघे साहब चाहते थे कि ठाणे के व्यापारियों को कोई परेशानी न हो। उनकी शुरू की गई परंपरा आज भी जारी है। व्यापारी सुरक्षित हैं, इसलिए यहां उद्योग-धंधे तेजी से बढ़ रहे हैं। ठाणे के विकास कार्यों की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि शहर में अच्छे रास्ते, मेट्रो, इंटर्नल मेट्रो, कोस्टल रोड और डबल डेकर रोड जैसे बड़े प्रोजेक्ट चल रहे हैं। अहमदाबाद-घोडबंदर का ट्रैफिक सीधे कोस्टल रोड से मुंबई की ओर जाएगा, जिससे ठाणे को जाम से बड़ी राहत मिलेगी।

स्वास्थ्य और एकजुटता की बात

साकेत में बने त्रिमंदिर का जिक्र करते हुए एकनाथ शिंदे ने बताया कि अब वहां कैंसर अस्पताल का काम शुरू हो रहा है। महावीर अस्पताल और अन्य सामाजिक संस्थाओं के जरिए स्वास्थ्य क्षेत्र में भी बड़ा काम हो रहा है। कोविड के समय समाज के सहयोग से बिना एक रुपये खर्च किए कोविड सेंटर बनाए गए थे। उन्होंने कहा, "ठाणेकर ने मुझे शाखाप्रमुख से मुख्यमंत्री और अब उपमुख्यमंत्री बनने तक साथ दिया। इसलिए हमारा रिश्ता सिर्फ राजनीतिक नहीं, पारिवारिक है।"

कई अतिथि रहे मौजूद

इस मौके पर विधायक मुरजी पटेल, विधायक रवींद्र फाटक, महापौर शर्मिला पिंपलोंलकर, शिवसेना गटनेता पवन कदम, विधानसभा प्रमुख हेमंत पवार, वरिष्ठ समाजसेवी एवं व्यवसायी जितेंद्र मेहता सहित बड़ी संख्या में कच्छी समाज के लोग उपस्थित थे। कच्छ अस्मिता मंच अध्यक्ष सुरेश गडा ने सभी का स्वागत किया।

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