पंढरपुर मंदिर समिति के कर्मचारियों को बांटा चिकन मसाला, बीवीजी कंपनी को नोटिस जारी

Pandharpur Temple Committee: श्री विट्ठल-रुक्मिणी बीवीजी कंपनी द्वारा सुरक्षा गार्डों को चिकन मसाले के पैकेट बांटा गया। मंदिर समिति ने इस घटना के संबंध में बीवीजी को नोटिस जारी किया है।
पंढरपुर मंदिर समिति के कर्मचारियों को चिकन मसाला बांटा!
पंढरपुर मंदिर समिति के कर्मचारियों को चिकन मसाला बांटा! (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Solapur News: श्री विट्ठल-रुक्मिणी बीवीजी कंपनी द्वारा सुरक्षा गार्डों को चिकन मसाले के पैकेट बांटना आपत्तिजनक है। मंदिर समिति ने इस घटना के संबंध में बीवीजी मंदिर समिति को निजी सुरक्षा गार्ड उपलब्ध कराने का ठेका बीवीजी कंपनी के पास है। दिवाली के मौके पर कंपनी ने सुरक्षा गार्डों को कई उपहार दिए थे। इनमें चिकन मसाला वाला एक पैकेट भी शामिल था। इससे श्रद्धालुओं में कड़ा रोष है।

इससे पहले, आषाढ़ी यात्रा के दौरान दर्शन के लिए कतार में खड़े श्रद्धालुओं को बीवीजी कंपनी के निजी सुरक्षा गार्डों द्वारा बेरहमी से पीटने के मामले सामने आ चुके हैं। इसके बाद, अब इसी कंपनी द्वारा मंदिर की पवित्रता को भंग करने का मामला सामने आया है।

विट्ठल-रुक्मिणी मंदिर समिति का बीवीजी कंपनी को नोटिस

विट्ठल-रुक्मिणी मंदिर समिति के कार्यकारी अधिकारी राजेंद्र शेलके ने कहा कि मंदिर समिति को सुरक्षा गार्ड उपलब्ध कराने वाली बीवीजी कंपनी ने दिवाली के मौके पर उपहार स्वरूप कई वस्तुएं दी हैं। इसमें चिकन मसाला के पैकेट भी दिए गए। भगवान के द्वार पर आपत्तिजनक वस्तुओं के पैकेट बांटे जाने पर भक्त नाराजगी जता रहे हैं। इस संबंध में विट्ठल-रुक्मिणी मंदिर समिति ने बीवीजी कंपनी को नोटिस दिया है।

जयकुमार गोरे ने क्या कहा

संरक्षक मंत्री जयकुमार गोरे ने कहा कि बीवीजी कंपनी द्वारा कर्मचारियों को चिकन मसाला बाँटना एक गलत घटना है; हालाँकि एक बात तो है कि कोई भी मसाला मांसाहारी नहीं होता। वह शाकाहारी होता है, फिर भी यह घटना गलत है। बीवीजी कंपनी और मंदिर समिति को इस पर ध्यान देना चाहिए।

बीवीजी कंपनी ने दी सफाई

बीवीजी के समन्वयक कैलाश देशमुख ने सफाई देते हुए कहा कि बीवीजी कंपनी ने अपने कर्मचारियों को दिवाली के उपहार के रूप में विभिन्न खाद्य पदार्थों के पैकेट दिए। इसमें चिकन मसाला के पैकेट भी शामिल थे। हालाँकि ये मसाला पैकेट मांसाहारी नहीं हैं, फिर भी श्रद्धालुओं की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए इनका वितरण रोक दिया गया है।

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