फडणवीस के 'पाप का घड़ा' बयान पर संजय राउत का पलटवार, कहा- जनता जानती है, मुंबई किसने लूटी

Maharashtra News: CM फडणवीस के 'पाप का घड़ा' वाले बयान पर शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत ने पलटवार किया। राउत ने कहा कि मुंबई की जनता भलीभांति जानती है, किसने शहर को लूटा और किसने बचाया है।
सांसद संजय राउत (pic credit; social media)
सांसद संजय राउत (pic credit; social media)
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Maharashtra Politics: शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे पार्टी के सांसद संजय राऊत ने रविवार को महाराष्ट्र की सत्तारूढ़ महायुति सरकार पर जोरदार हमला बोला। दही-हांडी उत्सव के मौके पर शनिवार को ठाणे के टेंभी नाका पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस एवं उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे पर कटाक्ष किया था।

सीएम फडणवीस एवं डीसीएम शिंदे के उन्हीं बयानों पर पलटवार करते हुए राऊत ने कहा कि मुंबई और ठाणे को लूटने वाले लोग सरकार में बैठे हैं। हमारे समय में मुंबई महानगरपालिका के 90 हजार करोड़ रुपए जमा थे। क्या मुंबई मनपा की तिजोरी में जमा ये पैसा मुंबई को लूटने की वजह से किया गया था?

जनता ने विकास विरोधी विपक्ष की हांडी फोड़ दी

ठाणे के टेंभी नाका दही हांडी में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा था कि हम विशिष्ट लोगों के पास जाने वाला मक्खन आम जनता तक पहुंचाएंगे और मुंबई महानगरपालिका सहित राज्य की सभी निकायों के चुनाव जीतेंगे। इसी दौरान उपमुख्यमंत्री शिंदे ने कहा कि जनता ने विकास विरोधी विपक्ष की हांडी फोड़ दी है।

मुंबई को भाजपा ने लूटा है- संजय राउत

इन टिप्पणियों का जवाब देते हुए राउत कहा कि जो 90 हजार करोड़ रुपए हमने महानगरपालिका की तिजोरी में जमा किए थे, क्या वो पैसा हमारे लूटने की वजह से जमा हुआ था। इसके बाद संजय राऊत ने कहा कि मुंबई को आप लोगों ने लूटा है। मौजूदा शहरी विकास मंत्री तथा पूर्व मुख्यमंत्री ने 2 लाख करोड़ के काम के टेंडर जारी किए। खजाने में पैसा नहीं है, किसे क्या काम दिया गया, इसकी कोई जानकारी नहीं है। लेकिन इस 2 लाख करोड़ पर 25 प्रतिशत कमीशन उनके पास पहुंच गया है और इसमें फडणवीस के लोग भी उनमें शामिल हैं। महाराष्ट्र इन्हें कभी भी माफ नहीं करेगा।

मांसाहार बंदी की आलोचना

15 अगस्त को कुछ राज्य के नगर निगमों द्वारा जारी मांसाहार बंदी के आदेश की आलोचना करते हुए राऊत ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी खिचड़ी खाना पसंद करते हैं। इसलिए ये लोग महाराष्ट्र को शाकाहारी बनाने की साजिश रच रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि शिंदे के साथ विधायक सूरत से गुवाहाटी गए और वहां 55-60 भेड़, बकरे और मुर्गियों की बलि दी। वहां बलि दिए जाने के बाद उस मांस को पका कर प्रसाद के रूप में खाने की परंपरा है। बलि दिए गए का मांस पचाकर मुंबई आए विधायकों के समर्थन से फडणवीस की सरकार बनी थी। फिर स्वतंत्रता दिवस पर महाराष्ट्र में मांसाहार पर प्रतिबंध किसे खुश करने के लिए लगाया जा रहा है?

बीजेपी ने दिया मुंहतोड़ जवाब

राऊत की टिप्पणियों का बीजेपी के प्रवक्ता केशव उपाध्ये ने मुंहतोड़ जवाब दिया है। उपाध्ये ने 'सामना' वेबसाइट पर संजय राऊत के लेख का स्क्रीनशॉट साझा करते हुए अपने एक्स अकाउंट पर लिखा है, "उद्धव ठाकरे के मुख्यमंत्री रहने के दौरान जिन लोगों ने  दिल्ली की शराब नीति की नकल की और महाराष्ट्र को पियक्कड बनाने की साजिश रची, वे अब शाकाहार, मांसाहार और भगवान के भोग-प्रसाद पर उपदेश दे रहे हैं, जो सरासर पाखंड है।

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