

NCP Crisis After Ajit Pawar Death: पूर्व डीसीएम व राकां प्रमुख अजित पवार के निधन के बाद उनकी पार्टी में कब्जे का खेल शुरू हो गया है। हाल ही में 27 मार्च को रायगड़ जिले के इंदापुर में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया जिसमें जिला परिषद और पंचायत समिति के चुनाव में नवनिर्वाचित सदस्यों का सम्मान किया गया।
इस कार्यक्रम के बैनर पर राकां प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे, कैबिनेट मंत्री अदिति तटकरे व उनके भाई अनिकेत तटकरे की फोटो थी लेकिन दिवंगत अजित पवार के अलावा राकां अध्यक्ष व डीसीएम सुनेत्रा पवार की फोटो गायब थी।
जब इस पर विवाद बढ़ा तो अब अदिति ने इसके लिए माफी मांग कर इसे शांत करने की कोशिश की है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत स्तर के कार्यक्रम के बैनर पर अजित दादा और सुनेत्रा काकी की तस्वीरें न होने के लिए मैं माफी मांगती हूं। वे हमारे दिलों में विशेष स्थान रखते हैं, इसलिए इस मुद्दे को ज्यादा तूल नहीं दिया जाना चाहिए।
रोहित पवार ने प्रफुल पटेल व सुनील तटकरे का नाम लिए बिना कहा कि जो नेता पार्टी में किरायेदार बनकर आए थे, अब वे उसी पर कब्जा करने की फ़रािक में हैं।
राकां के कार्यक्रम से अजितदादा के साथ सुनेत्रा काकी की फोटो का गायब होना, पार्टी को हथियाने के प्लान का हिस्सा है। हालांकि कैबिनेट मंत्री अदिति ने पलटवार करते हुए कहा है कि रोहित जो हमदर्दी दिखा रहे हैं वे दरअसल 'मगरमच्छ के आंसू' है। रोहित को दूसरे दलों की चिंता छोड़ कर अपनी पार्टी पर ध्यान देना चाहिए।