Pune में 17 साल से बंद मैकेनिकल पार्किंग फिर होगी शुरू, ट्रैफिक जाम से मुक्ति का रास्ता

Pune Municipal Corporation ने शहर में कई सालों से बंद पड़ी बहुमंजिला मैकेनिकल पार्किंग को दोबारा शुरू करने का फैसला लिया है। इसके लिए 2 कंपनियों को कॉन्ट्रेक्ट भी दिया जा चुका है।
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पुणे न्यूज (सौ. सोशल मीडिया )
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Pune News In Hindi: पुणे मनपा ने शहर के 6 प्रमुख मार्गे पर पे-एंड-पार्क, नो-पार्किंग और नो-हॅल्टिंग जोन की योजना को प्रायोगिक रूप से शुरू करने की तैयारी की है। इसी के तहत जंगल महाराज रोड स्थित छत्रपति संभाजी गार्डन के पास 2 करोड़ रुपए की लागत से बने लेकिन पिछले 17 सालों से बंद पड़ी बहुमंजिला मैकेनिकल पार्किंग अब फिर से शुरू करने की कवायद शुरू हो गई है।

इस पार्किंग को शुरू करने के लिए दो कंपनियों से प्रस्ताव मिले हैं। महावालिका प्रशामान इस मुद्दे को तुरंत सुलझाने की कोशिश में जुट गया है शहर में ट्रैफिक जाम और पार्किंग एक गंभीर समस्या बन गई है। वहीं मेट्रो से सफर करने वाले नागरिकों की संख्या भी काफी बढ़ गई है।

महापालिका और मेट्रो प्रशासन मिलकर करेंगे संचालित

संचारी वाईन मेट्रो स्टेशन के पास स्थित शनिशान गर्ति उपयोगी सहित में जाते है। इसलिए पूरी प्रशासन ने इसे अपने निवास में लेने का प्रस्ताः पुगे मन्या को मेजा या इसका मेट्रो और निर्माण कले वाली दिल्ली लिया कपनी ने संयुका निरीक्षण भी किना वापरतान मेंदूरुनती के लिए तीन साधनों से है काम पूरा होने के बद इसे महापालिका और मेट्रो प्रशासन संयुक्त रुप से संचालित करेगा।

क्यों जरूरी है यह पार्किंग ?

  • जंगली महाराज रोड, घोले रोड और आपटे रोड पर थिएटर, होटल, रेस्टॉरंट, मंगल कार्यालय, निजी कंपनियों के दफ्तर और सरकारी कार्यालय हैं। यहां आने वाले नागरिकों को पार्किंग के लिए जगह ढूंढने में काफी समय लगता है। स्थानीय रहिवासी और व्यापारी भी सड़क पर वाहनों की पार्किंग का विरोध करते हैं। ट्रैफिक पुलिस की नियमित कार्रवाई से वाहन चालकों की मुश्किलें और बढ़ जाती हैं।
  • नागरिकों को वाहनों की पार्किंग के लिए कई जगह भटकना पड़‌ता है। इसी समस्या के हल के लिए महापालिका ने 17 साल पहले ही यह मैकेनिकल पार्किंग बनाई थी। शुरुआत में कुछ महीने यह पार्किंग ठेकेदार के जरिए सर्विस देती रही लेकिन अपेक्षित इनकम नहीं होने के कारण इसे बंद कर दिया गया।
  • इसके चाद कई बार टेंडर निकालने के बावजूद कोई ठेकेदार आगे नहीं आया। महापालिका ने खुद इसे चलाने का विकल्प भी टटोला, लेकिन कर्मचारियों की कमी और आर्थिक अड़चनों के कारण यह पार्किंग वर्षों से बंद पड़ा है। संभाजी गार्डन के पास मेट्रो स्टेशन बन गया है तो इस पार्किंग का उपयोग आवश्यक माना जा रहा है। मेट्रो ने भी इसे लेने की औपचारिक मांग की है।
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