पुरंदर एयरपोर्ट से औद्योगिक विकास को नई उड़ान; किसान प्रतिनिधियों से सीएम फडणवीस ने की बातचीत

Purandar Airport project: पुरंदर एयरपोर्ट पुणे के औद्योगिक विकास का गेम चेंजर बनेगा। सीएम फडणवीस ने कहा कि यह कार्गो हब के रूप में विकसित होगा, जिससे युवाओं को रोजगार मिलेगा।
CM Devendra Fadnavis
बैठक में मौजूद सीएम देवेंद्र फडणवीस (सोर्स: सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

Purandar Airport Pune News: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को पुणे के भविष्य के लिए एक बड़ा विजन साझा किया। उन्होंने पुरंदर हवाई अड्डे को पुणे और आसपास के क्षेत्रों के औद्योगिक कायाकल्प के लिए एक गेम चेंजर करार दिया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह केवल यात्रियों के आवागमन का केंद्र नहीं होगा, बल्कि एक विशाल 'कार्गो हब' के रूप में उभरेगा, जिससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार और विशेष रूप से खराब होने वाले कृषि उत्पादों (नाशवान माल) के निर्यात को जबरदस्त प्रोत्साहन मिलेगा।

मुख्यमंत्री मंगलवार, 23 दिसंबर को पुणे में पुरंदर एयरपोर्ट परियोजना से प्रभावित सात गांवों के प्रतिनिधियों के साथ संवाद कर रहे थे। इस बैठक में पूर्व मंत्री विजय शिवतारे, अपर मुख्य सचिव (वित्त) ओ. पी. गुप्ता, परिवहन विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय सेठी, उद्योग विभाग के प्रधान सचिव पी. अनबलगन, महाराष्ट्र औद्योगिक विकास महामंडल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पी. वेलरासु, पुणे जिलाधिकारी जितेंद्र डुडी सहित जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

जीडीपी में होगी 2 प्रतिशत की वृद्धि

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने दावा किया कि इस परियोजना के पूर्ण होने से पुणे के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में कम से कम दो प्रतिशत की वृद्धि होगी। उन्होंने कहा, 'दुनिया भर के कई बड़े उद्योग पुणे में निवेश करने के इच्छुक हैं। उनके लिए कनेक्टिविटी सबसे महत्वपूर्ण है, और पुरंदर हवाई अड्डा इसी कमी को पूरा करेगा। यह प्रोजेक्ट न केवल औद्योगिक विकास लाएगा, बल्कि स्थानीय नागरिकों के जीवन स्तर में भी बड़ा सुधार करेगा।'

मुख्यमंत्री फडणवीस ने किए कई बड़े वादे

  • युवाओं के लिए नौकरी और कौशल प्रशिक्षण।
  • प्रभावित परिवारों के बच्चों को नौकरियों में शत-प्रतिशत प्राथमिकता दी जाएगी।
  • भू-अधिग्रहण की दरें तय होते ही क्षेत्र के युवाओं के लिए विशेष कौशल विकास केंद्र शुरू किए जाएंगे ताकि उन्हें उद्योगों की आवश्यकता के अनुसार प्रशिक्षित किया जा सके।
  • पूर्व में आंदोलन के दौरान ग्रामीणों पर दर्ज किए गए मुकदमों को वापस लेने का निर्देश भी मुख्यमंत्री ने दिया।

पुनर्वास को देंगे सर्वोच्च प्राथमिकता

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार सिडको की तर्ज पर साढ़े बाईस प्रतिशत से भी अधिक लाभ देने का प्रयास कर रही है। पुनर्वास के दौरान परिवार के बालिग बच्चों के लिए अतिरिक्त जगह और बहनों के हिस्से के संदर्भ में भी संवेदनशील रुख अपनाया जाएगा। साथ ही, अल्प जोत वाले और भूमिहीन किसानों के हितों की रक्षा के लिए अलग योजना बनाने पर विचार चल रहा है।

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने बताया कि पुरंदर हवाई अड्डा परिसर में छत्रपति संभाजी महाराज की एक भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी। इसके अलावा, पूर्व में अधिग्रहित अतिरिक्त भूमि पर लगे आधिकारिक प्रतिबंध हटा दिए जाएंगे।उन्होंने यह भी संकेत दिया कि सभी परियोजना प्रभावितों की समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए एक स्वतंत्र महामंडल (बोर्ड) स्थापित करने पर विचार किया जा रहा है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com