

Pune AI FIR System: पुणे आधुनिक तकनीक को अपनाते हुए पुणे पुलिस ने अपराध जांच और पंजीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार के मार्गदर्शन में बाणेर पुलिस स्टेशन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित एफआईआर पंजीकरण का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया गया है।
इस स्मार्ट पुलिसिंग पहल का मुख्य उद्देश्य शिकायत दर्ज कराने की जटिल और लंबी प्रक्रिया को सरल बनाना है। अक्सर नागरिकों को पुलिस स्टेशन में घंटों इंतजार करना पड़ता है, लेकिन अब एआई की मदद से शिकायत के मुख्य बिंदुओं का तुरंत विश्लेषण किया जा सकेगा और प्रणाली स्वतः ही एफआईआर का एक कानूनी ड्राफ्ट तैयार कर देगी वॉइस-टू-वर्ड' तकनीक का उपयोग: यह प्रणाली अत्याधुनिक 'वॉइस-टू-वर्ड' तकनीक पर आधारित है।
जैसे ही शिकायतकर्ता अपनी बात अधिकारी को बताता है, सॉफ्टवेयर उसे सुनकर टेक्स्ट में तब्दील कर देता है और अपराध की प्रकृति के अनुसार उपयुक्त कानूनी धाराओं का सुझाव देता है।
पूरी प्रक्रिया मशीन पर निर्भर नहीं है। एआई द्वारा तैयार किए गए ड्राफ्ट की सूक्ष्मता से जांच पुलिस अधिकारियों द्वारा की जाती है और उनके अंतिम अनुमोदन के बाद ही इसे आधिकारिक रिकॉर्ड का हिस्सा बनाया जाता है।
पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार के अनुसार, यह प्रयोग न केवल पुलिसकर्मियों का कीमती समय बचाएगा बल्कि पारदर्शिता भी बढ़ाएगा। यदि बागेर में यह परीक्षण सफल रहता है, तो इसे पूरे पुर्ण शहर के वानी में लागू करने की योजना है। यह प्रयोग देश में स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।