

Pune PNG Usage Campaign Update: पुणे शहर में पाइप्ड नेचुरल गैस के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए महाराष्ट्र नेचुरल गैस लिमिटेड और सहकार विभाग ने संयुक्त अभियान शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य अधिक से अधिक नागरिकों को सुरक्षित और किफायती गैस सुविधा से जोड़ना है।
शहर की करीब 6,000 हाउसिंग सोसायटियों में पाइपलाइन का ढांचा तैयार होने के बावजूद केवल 20 प्रतिशत लोग ही पीएनजी का उपयोग कर रहे हैं। इस अंतर को कम करने के लिए प्रशासन ने विशेष जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया है।
जिला उप-निबंधक और एमएनजीएल अधिकारियों की बैठक में तय किया गया कि हाउसिंग सोसायटियों में विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में नागरिकों को पीएनजी की सुरक्षा, सुविधा और कम लागत के बारे में जानकारी दी जाएगी।
दूसरी ओर, पुणे में एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन का दावा है कि मांग से अधिक सिलेंडरों का वितरण किया गया है, लेकिन वास्तविक आंकड़े इससे अलग तस्वीर पेश कर रहे हैं।
प्रशासन के अनुसार 63,391 की मांग के मुकाबले 72,553 सिलेंडर वितरित किए गए, जबकि गैस कंपनियों ने एजेंसियों तक केवल 48,750 सिलेंडर ही पहुंचाए। इससे वितरण प्रणाली में गड़बड़ी की आशंका जताई जा रही है।
आंकड़ों के अनुसार भारत गैस ने 35,992, एचपी गैस ने 32,022 और इंडेन ने 4,539 सिलेंडरों की आपूर्ति की है। इन आंकड़ों ने गैस वितरण व्यवस्था की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
एक ओर पीएनजी के विस्तार की कोशिशें जारी हैं, वहीं एलपीजी सप्लाई में असमानता ने ऊर्जा प्रबंधन को लेकर चिंता बढ़ा दी है। ऐसे में प्रशासन के सामने दोनों व्यवस्थाओं को संतुलित और पारदर्शी बनाने की चुनौती है।