पुणे में ढोंगी बाबा का सनसनीखेज कांड; 26 वर्षों तक महिला का यौन शोषण, संपत्ति हड़पी, 8 आरोपी गिरफ्तार

Pune Crime News: पुणे के खराडी में ढोंगी बाबा राधामोहन मिश्रा ने उच्च शिक्षित महिला का 26 साल तक यौन शोषण किया, प्रताड़ित किया और संपत्ति हड़पी। पुलिस ने बाबा समेत 8 को गिरफ्तार किया।
Pune police arrested fake baba Radhamohan Mishra and 7 others for sexually exploiting and torturing a highly educated woman for 26 years in Kharadi area
प्रतीकात्मक तस्वीर (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)
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Pune Fake Baba News: नासिक के अशोक खरात प्रकरण के बाद अब पुणे के खराडी क्षेत्र से अंधविश्वास, शोषण और प्रताड़ना का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, एक स्वयंभू बाबा ने पुणे में कार्यरत एक उच्च शिक्षित महिला का वर्ष 2001 से 2026 तक लगातार 26 वर्षों तक यौन शोषण किया। आरोपी ने कथित रूप से अंधविश्वास और आध्यात्मिक प्रभाव का जाल बुनकर महिला तथा उसके परिवार को अपने प्रभाव में ले लिया था।

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी बाबा ने महिला को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया। आरोप है कि उसे बिजली के झटके दिए गए, अपमानजनक व्यवहार किया गया और यहां तक कि मूत्र पीने के लिए भी मजबूर किया गया। महिला को लगातार डराकर और ब्लैकमेल कर उसके निजी जीवन पर भी नियंत्रण स्थापित किया गया। इसी दबाव के चलते उसका वैवाहिक जीवन भी बर्बाद हो गया और उसे अपने पति से तलाक लेना पड़ा।

इतना ही नहीं, आरोपी ने कथित रूप से महिला की संपत्ति और आर्थिक संसाधनों पर भी कब्जा जमा लिया। जांच  पुणे एजेंसियों को संदेह है कि बाबा और उसके सहयोगियों ने धार्मिक आस्था और चमत्कारों के नाम पर पीड़िता तथा उसके परिवार से बड़ी मात्रा में धन और संपत्ति अपने नाम करवाई।

8 आरोपी गिरफ्तार

इस मामले में खराडी पुलिस ने मुख्य आरोपी राधामोहन मिश्रा (59) और उसके सहयोगी स्वामी कंवल नयन (57) सहित कुल आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में छह महिलाएं भी शामिल हैं, जो कथित तौर पर आश्रम की गतिविधियों में सहयोग कर रही थीं। सभी आरोपियों से पूछताछ जारी है।

पुलिस के अनुसार, पीड़ित महिला के पिता पेशे से डॉक्टर हैं और मूल रूप से हरियाणा के निवासी हैं। बताया जा रहा है कि पूरा परिवार लंबे समय से आरोपी बाबा के प्रभाव में था। इसी का फायदा उठाकर आरोपी ने वर्षों तक कथित शोषण और आर्थिक दोहन का सिलसिला जारी रखा।

अपर पुलिस आयुक्त (अपराध) तेजस्वी सातपुते ने बताया कि शिकायत प्राप्त होते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी और उसके साथियों को गिरफ्तार कर लिया। आश्रम में की गई तलाशी के दौरान कई महत्वपूर्ण और आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई है। जब्त दस्तावेजों, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और अन्य साक्ष्यों की गहन जांच की जा रही है।

पुलिस को आशंका है कि मामले में अन्य पीड़ित भी सामने आ सकते हैं। जांच एजेंसियां आरोपी के नेटवर्क, वित्तीय लेन-देन और आश्रम की गतिविधियों की विस्तृत पड़ताल कर रही हैं। यह मामला एक बार फिर अंधविश्वास के नाम पर होने वाले शोषण और ठगी की गंभीरता को उजागर करता है।

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