पुणे में हैवानियत की हदें पार! भोर में 4 साल की मासूम से दुष्कर्म के बाद हत्या, भड़के लाेगों ने किया चक्काजाम

Pune Bhor Murder Case: पुणे के भोर (नसरापुर) में छुट्टियों पर आई 4 साल की बच्ची के साथ दरिंदगी और हत्या से सनसनी। पुलिस थाने के बाहर शव रख ग्रामीणों ने किया उग्र प्रदर्शन।
Pune Bhor Murder Case
पुलिस थाने के बाहर प्रदर्शन करते लोग (सोर्स: सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Pune Bhor Minor Physical Abuse And Murder Case: पुणे के भोर इलाके से दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहां एक चार साल की बच्ची के साथ एक दरिंदे ने यौन उत्पीड़न किया और फिर उसकी बेरहमी से हत्या कर दी। यह खौफनाक घटना भोर तालुका के नसरापुर में हुई।

क्या है पूरा मामला?

मिली जाकनारी के अनुसार यह बच्ची गर्मियों की छुट्टियों में अपनी दादी के साथ रहने के लिए नसरापुर आई हुई थी। इसी दौरान, आरोपी उसे बहला-फुसलाकर पास के एक पशु-बाड़े में ले गया, जहां उसने बच्ची के साथ दुष्कर्म किया और फिर उसकी हत्या कर दी।

जब लड़की काफी देर तक घर नहीं लौटी, तो उसके परिवार वालों ने उसे ढूंढ़ना शुरू कर दिया। उन्होंने पूरे गांव में उसे ढूंढ़ा, लेकिन वह कहीं नहीं मिली, इससे परिवार की चिंता और बढ़ गई। इसी बीच, गौशाला में ढूंढ़ते समय लड़की का शव मिला। यह दृश्य देखकर परिवार वाले दुख से बिलख पड़े, और पूरे घर पर शोक की गहरी छाया छा गई। गांव वाले भी इस घटना से पूरी तरह हिल गए।

घटना के बाद, ग्रामीणों ने संदिग्ध को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। हालांकि, आरोपी ने बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न के आरोपों से इनकार किया है। इसके बावजूद, इस घटना के चलते शुक्रवार रात से ही नसरापुर का माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया।

ग्रामीणों ने पुलिस थाने के बाहर किया प्रदर्शन

ग्रामीणों ने बच्ची का शव पुलिस थाने के बाहर रख दिया और रास्ता रोको आंदोलन किया। ग्रामीणों ने मांग की कि इस घिनौने कृत्य के लिए जिम्मेदार आरोपी को उनके हवाले कर दिया जाए। विरोध प्रदर्शन के दौरान, पुलिस अधीक्षक (SP) संदीप सिंह गिल ने खुद प्रदर्शनकारियों को शांत करने की कोशिश की। पुलिस के आश्वासन के बाद नागरिकों ने सड़क जाम हटा लिया। आरोपी को हिरासत में ले लिया गया है, जांच पूरी तेजी से चल रही है और इस मामले की सुनवाई अदालतों में फास्ट-ट्रैक आधार पर की जाएगी।

स्थानीय लोगों ने निकाला विरोध मार्च

इस घटना के विरोध में स्थानीय ग्रामीणों ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए एक विरोध मार्च निकाला। रोहित पवार, सुषमा अंधारे समेत कई विपक्षी नेताओं ने सरकार पर जमकर हमला बोला है। उद्धव ठाकरे गुट की नेता सुषमा अंधारे ने राज्य के मुख्यमंत्री और गृह मंत्री देवेंद्र फडणवीस की आलोचना की।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com