पार्थ पवार का सियासी धमाका, 'निर्विरोध' हो सकता था चुनाव, लेकिन साजिश के तहत उतारे गए उम्मीदवार

Baramati By-Election News: बारामती उपचुनाव पर पार्थ पवार का बड़ा दावा: कहा- विपक्ष ने जानबूझकर थोपा चुनाव। 2.70 लाख वोटों का रिकॉर्ड तोड़ने का लक्ष्य और भीषण गर्मी की चुनौती, पढ़ें पूरी रिपोर्ट।
Parth Pawar Drops a Political Bombshell: The Election Could Have Been 'Uncontested,' But a Candidate Was Fielded as Part of a Conspiracy.
पार्थ पवार (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Baramati By-Election 2026: महाराष्ट्र की सबसे हाई-प्रोफाइल सीटों में शुमार बारामती विधानसभा सीट पर होने जा रहा उपचुनाव एक बार फिर देश भर की सुर्खियों में है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के युवा नेता और उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के पुत्र पार्थ पवार ने इस चुनाव को लेकर एक बड़ा राजनीतिक दावा किया है। उन्होंने कहा कि बारामती की गरिमा और परंपरा को देखते हुए यह चुनाव निर्विरोध संपन्न होना चाहिए था, लेकिन कुछ राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों ने जानबूझकर अपने स्वार्थ के लिए उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है।

विपक्ष पर साजिश का आरोप

पार्थ पवार ने एक साक्षात्कार के दौरान कहा कि बारामती की जनता और कई वरिष्ठ नेताओं की यह मंशा थी कि उपचुनाव में समय और संसाधनों की बर्बादी न की जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ निर्दलीय उम्मीदवारों और प्रतिद्वंद्वियों को विशेष रणनीतियों के तहत खड़ा किया गया है ताकि सत्ताधारी गठबंधन (महायुति) की राह में मुश्किलें पैदा की जा सकें। पार्थ के अनुसार, "कुछ उम्मीदवारों की अपनी विशेष माँगें थीं, जिन्हें पूरा न होने पर उन्हें चुनाव लड़ने के लिए उकसाया गया।" उनके इस बयान ने बारामती के सियासी गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है।

रिकॉर्ड तोड़ जीत का लक्ष्य

पार्थ पवार ने अपनी माँ और उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार की जीत को लेकर पूर्ण आत्मविश्वास व्यक्त किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी का लक्ष्य केवल जीत हासिल करना नहीं है, बल्कि बारामती के चुनावी इतिहास के पुराने रिकॉर्ड को ध्वस्त करना है। उन्होंने कहा, हम 100 प्रतिशत जीतने वाले हैं, लेकिन हमारा असली लक्ष्य 2 लाख 70 हजार वोटों के पिछले रिकॉर्ड को तोड़कर एक नया मील का पत्थर स्थापित करना है।

भीषण गर्मी और 'वोटर टर्नआउट' की चुनौती

राजनीतिक विरोधियों से अधिक पार्थ पवार इस समय प्राकृतिक चुनौतियों को लेकर चिंतित दिखे। उन्होंने स्वीकार किया कि अप्रैल की भीषण गर्मी चुनाव प्रचार और मतदान के लिए सबसे बड़ी बाधा है। उन्होंने कहा, "इतनी तेज धूप और लू के बीच मतदाताओं को घर से बाहर निकालना और उन्हें मतदान केंद्र तक लाना हमारे लिए सबसे बड़ा 'टास्क' है।" इसके लिए पार्टी कार्यकर्ताओं को विशेष निर्देश दिए गए हैं ताकि धूप के बावजूद मतदान का प्रतिशत कम न हो।

दिग्गजों का जमावड़ा और समापन सभा

चुनाव प्रचार के अंतिम दौर में सुनेत्रा पवार के समर्थन में एक भव्य समापन सभा आयोजित की जा रही है। पार्थ पवार ने सभा स्थल का निरीक्षण करते हुए बताया कि इस रैली में महायुति की पूरी ताकत दिखाई देगी। सभा में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले, उदय सामंत और सुप्रिया सुले जैसे कद्दावर नेता शामिल होकर सुनेत्रा पवार के लिए समर्थन मांगेंगे। यह उपचुनाव न केवल बारामती के भविष्य का फैसला करेगा, बल्कि आगामी मुख्य विधानसभा चुनावों के लिए भी सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच 'लिटमस टेस्ट' साबित होगा।