-
सोम, 3 अगस्त 2026 ई-पेपर
Top News
- Hindi News »
- Maharashtra »
- Pune »
- Monsoon Pune Delay Breaks 68 Year Record Shivajinagar Water Crisis
पुणे में मानसून की बेरुखी ने तोड़ा 68 साल का रिकॉर्ड; जून का पहला पखवाड़ा सूखा, बांधों का जलस्तर तेजी से घटा
- Written By: रूपम सिंह
Pune water supply: पुणे में 1958 के बाद पहली बार जून का शुरुआती पखवाड़ा पूरी तरह सूखा रहा है। बांधों का जलस्तर गिरने से पानी की किल्लत बढ़ गई है और खरीफ फसलों की बुआई ठप पड़ी है।

जलस्तर प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स - सोशल मिडिया)
Pune Monsoon Delay 2026 water supply: महाराष्ट्र में इस वर्ष मानसून की बेरुखी ने पिछले कई दशकों के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। जून का आधा महीना बीत जाने के बावजूद शहर और आसपास के इलाकों में बारिश की एक बूंद तक नहीं गिरी है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार, शिवाजी नगर वेधशाला में जून के शुरुआती 15 दिनों के दौरान शून्य वर्षा रिकॉर्ड की गई है।
वर्ष 1958 के बाद यह पहली बार है जब जून का शुरुआती पखवाड़ा पूरी तरह सूखा रहा है। इस असाधारण स्थिति ने शहर में भीषण गर्मी, उमस, गहराते जल संकट और कृषि क्षेत्र की चिंताओं को बढ़ा दिया है।
गर्मी से बेहाल हुए नागरिक
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, इस वर्ष मानसून ने केरल में समय पर दस्तक दी थी, लेकिन उसके बाद इसकी प्रगति धीमी पड़ गई। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में कोई मजबूत मौसमी सिस्टम विकसित न होने के कारण मानसूनी हवाएं आगे नहीं बढ़ सकीं।
सम्बंधित ख़बरें
अभिजीत दीपके के परिवार से मिलना शिंदे के नेताओं को पड़ा महंगा, BJP ने की कार्रवाई की मांग
प्रशासन को किस बड़े हादसे का इंतजार? कामठी रोड पर अतिक्रमण, अवैध पार्किंग और खुलेआम शराबखोरी से दहशत
Akola News: अकोला में GIS सर्वे से 12,958 नई संपत्तियां मिलीं, बढ़ेगा मनपा का राजस्व
अकोला में 14,122 मीट्रिक टन यूरिया की आपूर्ति पूरी, बारिश के बाद संभली खेती पर बढ़ी लागत से किसान चिंतित
पुणे में आमतौर पर जून के पहले सप्ताह में प्री-मानसून बारिश शुरू हो जाती है, लेकिन इस बार आसमान में बादल छाने के बावजूद बरस नहीं रहे हैं। जानकारों का मानना है कि वायुमंडलीय दबाव में असंतुलन, नमी की कमी और
अल-नीनो के प्रभाव के कारण मानसून कमजोर पड़ा है। दिनभर की तेज धूप और उमस से नागरिक बेहाल हैं, जिससे बिजली और पानी की मांग में भारी उछाल आया है।
1915 और 1932 में भी बनी थी ऐसी स्थिति
आईएमडी पुणे के आंकड़ों के अनुसार, इससे पहले वर्ष 1915 और 1932 में जून के शुरुआती 17 दिनों तक बारिश नहीं हुई थी। हालांकि, उन वर्षों में उत्तरार्ध में मानसून सक्रिय हुआ और जून के अंत तक अच्छी बारिश दर्ज की गई। वर्ष 1915 के जून में कुल 362 मिमी वर्षा हुई थी, जबकि 1932 में 79 मिमी और 1958 में 65 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई थी।
बांधों का जलस्तर घटा
बारिश न होने का सबसे गंभीर असर कृषि क्षेत्र पर पड़ा है। पुणे और पश्चिमी महाराष्ट्र के किसान खरीफ फसलों (सोयाबीन, मक्का, कपास और धान) की बुआई के लिए चातक की तरह बादलों का इंतजार कर रहे है। खेत तैयार होने के बावजूद बुआई ठप है।
दूसरी ओर, पुणे शहर को पानी देने वाले चार प्रमुख बांधों खडकवासला, पानशेत, टेमघर और वरसगांव का जलस्तर तेजी से गिर रहा है। वर्तमान में शहर में एक दिन छोड़कर जलापूर्ति की जा रही है। प्रशासन ने संकेत दिए है कि यदि जल्द बारिश नहीं हुई तो पानी की कटौती और बढ़ाई जा सकती है। ग्रामीण इलाकों में अभी से टैंकरों पर निर्भरता बढ़ गई है।
भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) पुणे के पूर्व प्रमुख वैज्ञानिक अनुपम काश्यपि ने बताया कि वर्तमान में महाराष्ट्र और उससे सटे क्षेत्रों में कोई मजबूत वेदर सिस्टम मौजूद नहीं है, जिससे मानसून की गति प्रभावित हुई है। उन्होंने कहा कि 18 जून के बाद परिस्थितियां अनुकूल होने पर मानसूनी धारा आगे बढ़ सकती है और राज्य के अधिक हिस्सों को कवर कर सकती है।
मानसून में हो रही देरी के बीच पुणे महानगरपालिका ने संभावित जल संकट से निपटने के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। मनपा के जल आपूर्ति विभाग प्रमुख नंदकुमार जगताप ने बताया कि मौजूदा जल भंडार के आधार पर शहर में अगस्त के अंत तक पानी की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। हालांकि यदि इसके बाद भी पर्याप्त वर्षा नहीं होती है, तो आपातकालीन जल प्रबंधन योजना लागू की जाएगी।
उन्होंने बताया कि वैकल्पिक जल स्रोतों को मजबूत करने के लिए पुराने कुओं के पुनर्जीवन और नए बोरवेल खोदने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए हैं। इसके अलावा जल भंडारण और वितरण व्यवस्था की भी लगातार समीक्षा की जा रही है, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की जल कमी की स्थिति उत्पन्न न हो।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जून के दूसरे पखवाड़े में मानसून सक्रिय हो जाता है, तो कृषि, पेयजल आपूर्ति और जलाशयों की स्थिति में सुधार होगा। फिलहाल प्रशासन और नागरिकों दोनों को जल संरक्षण पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है, ताकि मानसून की अनिश्चितता के बीच जल संसाधनों का संतुलित उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
Monsoon pune delay breaks 68 year record shivajinagar water crisis
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
अभिजीत दीपके के परिवार से मिलना शिंदे के नेताओं को पड़ा महंगा, BJP ने की कार्रवाई की मांग
Aug 03, 2026 | 01:57 PMदतिया उपचुनाव: 8वें राउंड के बाद कांग्रेस की बढ़त 6.5 हजार के पार, घनश्याम सिंह बोले- 15 हजार वोटों से जीतूंगा
Aug 03, 2026 | 01:49 PM‘स्पाइडर-मैन: ब्रांड न्यू डे’ का बॉक्स ऑफिस धमाका, चौथे दिन सबसे ज्यादा कमाई के साथ 250 करोड़ पार
Aug 03, 2026 | 01:48 PMप्रशासन को किस बड़े हादसे का इंतजार? कामठी रोड पर अतिक्रमण, अवैध पार्किंग और खुलेआम शराबखोरी से दहशत
Aug 03, 2026 | 01:42 PMAkola News: अकोला में GIS सर्वे से 12,958 नई संपत्तियां मिलीं, बढ़ेगा मनपा का राजस्व
Aug 03, 2026 | 01:41 PMकर्नाटक में डीके शिवकुमार कैबिनेट का होगा विस्तार, 20 नए मंत्रियों की एंट्री फिक्स, देखें पूरी लिस्ट
Aug 03, 2026 | 01:38 PMहंगामे की भेंट चढ़ा प्रश्नकाल, नियम 267 पर अड़ा विपक्ष, संसद में घमासान के बीच दोनों सदनों की कार्यवाही स्थगित
Aug 03, 2026 | 01:36 PMवीडियो गैलरी

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पप्पू यादव पर जानलेवा हमला, बाल-बाल बचे नेता जी! देखें VIDEO
Aug 02, 2026 | 09:54 PM
₹65 हजार की सैलरी में अमेरिका में 74 लाख की पढ़ाई! अभिजीत दीपके के पिता की संपत्ति पर उठे बड़े सवाल- VIDEO
Aug 02, 2026 | 09:16 PM
40 फीट गहरी नदी और सिर्फ एक पतली रस्सी! कानपुर में जुगाड़ू नाव से नदी पार करने को मजबूर ग्रामीण; देखें VIDEO
Aug 02, 2026 | 08:52 PM
सिवान गोलीकांड पर भड़के इमरान प्रतापगढ़ी, बिहार पुलिस की बर्बरता देख उड़ जाएंगे होश, देखें VIDEO
Aug 02, 2026 | 08:34 PM
आगरा में विदेशी पर्यटक ने दिखाई इंसानियत, ताजमहल के पूर्वी गेट पर पड़े बेजुबान के शव को दिया सम्मान- VIDEO
Aug 02, 2026 | 08:33 PM
अपनी मां की बात आई तो हुआ एहसास… वारिस पठान ने पीएम मोदी को दी नसीहत, कहा- 2 रुपये के ट्रोलर्स पर लें एक्शन
Aug 02, 2026 | 08:07 PM











