

Pune MH 12 Number Plate New Series: महाराष्ट्र की सांस्कृतिक राजधानी कहे जाने वाले पुणे शहर की एक अलग पहचान वहां की गाड़ियों पर दिखने वाला 'MH-12' नंबर भी है। लेकिन अब पुणे में वाहनों की संख्या इतनी तेजी से बढ़ी है कि 'MH-12' के तहत आने वाली अंतिम यानी 'ZZ' अक्षरों की सीरीज अगले 10 से 15 दिनों में पूरी तरह से समाप्त होने जा रही है। ऐसे में सवाल उठ रहा था कि क्या पुणे के वाहनों को अब नया कोड मिलेगा या पुणे की 'MH-12' वाली पहचान बदल जाएगी?
'ZZ' सीरीज के खत्म होने की खबर के बाद चर्चा शुरू हो गई थी कि पुणे के लिए 'MH-61' नाम से नया आरटीओ कोड जारी किया जा सकता है। हालांकि, पुणे के लोगों और जनप्रतिनिधियों ने इसका विरोध किया, क्योंकि 'MH-12' केवल एक नंबर प्लेट नहीं, बल्कि पुणेवासियों की सांस्कृतिक अस्मिता से जुड़ा विषय है।
इस विषय की गंभीरता को देखते हुए पुणे के सांसद और केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने सीधे केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की। उन्होंने मांग रखी कि पुणे के वाहनों के लिए 'MH-12' कोड को ही बरकरार रखा जाए, जिस पर नितिन गडकरी ने अपनी सहमति दे दी है।
मौजूदा मोटर वाहन अधिनियम के तहत गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन में दो अक्षरों के बजाय तीन अक्षरों की सीरीज (जैसे AAA) शुरू करने का कोई कानूनी प्रावधान नहीं है। इस तकनीकी बाधा से निपटने के लिए पुणे क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) ने देश में पहली बार एक बिल्कुल नया और अनोखा रास्ता खोज निकाला है।
आरटीओ ने 'एक अंक और एक अंग्रेजी अक्षर' (जैसे 1A) को मिलाकर नई सीरीज शुरू करने का प्रस्ताव सड़क एवं राजमार्ग मंत्रालय को भेजा है। यदि केंद्रीय मंत्रालय इस प्रस्ताव को मंजूरी देता है, तो रजिस्ट्रेशन सीरीज में नंबर और लेटर को एक साथ इस्तेमाल करने का पहला गौरव पुणे को मिलेगा। मंजूरी मिलने के बाद पुणे की सड़कों पर गाड़ियों की नंबर प्लेट पर 'MH 12 1A 0001' जैसा नंबर देखने को मिलेगा।
पुणे में दोपहिया वाहनों की अनगिनत संख्या के कारण दो अक्षरों की सभी संभव श्रृंखलाएं 'AA' से लेकर 'ZZ' तक पूरी तरह से खत्म हो चुकी हैं। 'ZZ' के बाद आगे की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया ठप न हो, इसलिए आरटीओ ने तीन अक्षरों के जटिल बदलाव के बजाय '1 अंक + 1 अक्षर' (उदाहरण: MH 12 1A) का बेहद सरल और व्यावहारिक समाधान निकाला है।
आरटीओ अधिकारियों के मुताबिक, इस प्रस्ताव पर जल्द ही सकारात्मक अंतिम निर्णय आने की उम्मीद है, ताकि मौजूदा 'ZZ' सीरीज के खत्म होने से पहले ही नए वाहनों का रजिस्ट्रेशन सुचारू रूप से शुरू किया जा सके।