

Pune Sangamwadi Marriage Robbery: पुणे के संगमवाड़ी इलाके में खुशियों का माहौल उस समय दहशत में बदल गया जब एक मेहंदी कार्यक्रम के दौरान कुछ लोगों ने जमकर उत्पात मचाया। शिकायतकर्ता नंदू अर्जुन काची, जो एक पान की दुकान चलाते हैं, अपने रिश्तेदार की शादी के सिलसिले में आयोजित मेहंदी समारोह में शामिल होने संगमवाड़ी आए थे। जगह की कमी के कारण यह कार्यक्रम 27 अप्रैल की रात सुनीता रामचंद्र काची के निवास पर रखा गया था।
समारोह में साउंड सिस्टम पर डांस चल रहा था, तभी आरोपी संतोष काची अपनी कार से वहाँ पहुँचा। कुछ देर नाचने के बाद, उसने बिना किसी ठोस कारण के नंदू काची के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। विवाद इतना बढ़ा कि संतोष ने नंदू का शर्ट पकड़कर धक्का-मुक्की की और चिल्लाते हुए धमकी दी, "तू मुझे बाहर मिल, मैं तुझ पर फायरिंग करके तुझे जान से मार दूंगा।"
गाली-गलौज के बाद संतोष काची ने अपने बेटे यश काची और अन्य साथियों को मौके पर बुला लिया। इन सभी ने मिलकर नंदू काची और उनके मित्र गोपीनाथ की बेरहमी से पिटाई की। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, संतोष ने कोयता निकालकर हवा में लहराना शुरू कर दिया, जिससे डर के मारे कार्यक्रम में मौजूद मेहमान इधर-उधर भागने लगे। इसी अफरा-तफरी का फायदा उठाकर आरोपियों ने कोयते का डर दिखाकर नंदू के गले से 5 तोले की सोने की चेन जबरन छीन ली।
घटना के बाद नंदू काची ने लक्ष्मीनगर पुलिस थाने में मामला दर्ज कराया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी संतोष काची (45), उसके बेटे यश काची (20), दत्ता चव्हाण (37), सुशील सर्वगौड (43) और यश सावंत (23) को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी सांगवी, वारजे और संगमवाड़ी जैसे विभिन्न इलाकों के निवासी हैं।
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इस हमले के पीछे कोई पुराना विवाद था या यह अचानक उपजा आक्रोश था। मेहंदी कार्यक्रम के दौरान लूटी गई सोने की चेन की बरामदगी और आरोपियों के पिछले आपराधिक रिकॉर्ड को खंगाला जा रहा है। इस घटना ने एक बार फिर सार्वजनिक कार्यक्रमों में सुरक्षा और अवैध हथियारों के बढ़ते इस्तेमाल पर सवाल खड़े कर दिए हैं।