Baramati Assembly Constituency में हाई वोल्टेज ड्रामा: पवार बनाम बीजेपी, मुकाबला हुआ दिलचस्प

महाराष्ट्र के Baramati Assembly Constituency में आखिरी दिन बड़ा सियासी उलटफेर देखने को मिला। प्राजक्त तनपुरे के हटने के बाद शरद पवार ने नया उम्मीदवार उतारकर मुकाबले को फिर से रोचक बना दिया।
baramati-assembly constituency-drama-pawar-bjp-candidate-clash-maharashtra
Baramati Bypoll 2026 Sunetra Pawar
Published on
Updated on

Baramati Rahuri Election Politics: महाराष्ट्र की राहुरी व बारामती विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव के नामांकन के आखिरी दिन सोमवार को काफी हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ। राहुरी से भाजपा विधायक शिवाजीराव कर्डिले के निधन के बाद यह उपचुनाव कराया जा रहा है।

भाजपा ने शिवाजीराव के पुत्र अक्षय कर्डिले को उम्मीदवार घोषित किया है। दूसरी ओर राकां शरद पवार गुट से प्राजक्त तनपुरे ने यहां चुनाव लड़ने का ऐलान किया था, लेकिन अंतिम समय में उन्होंने मैदान से हटने का फैसला कर लिया। तनपुरे से मिलने भाजपा की ओर से कैबिनेट मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल व भाजपा प्रदेश अध्यक्ष रवीन्द्र चव्हाण पहुंचे थे।

इसके बाद भाजपा ने अपना खेल कर दिया और तनपुरे चुनावी रेस से बाहर हो गए लेकिन राजनीति के धुरंधर शरद पवार ने बीजेपी के इस खेल को फेल कर दिया। उन्होंने अपनी पार्टी की तरफ से गोविंदराव मोकाटे को मैदान में उतार दिया।

इस तरह राहुरी सीट पर अब भाजपा उम्मीदवार अक्षय कर्डिले का सीधा मुकाबला महाविकास आघाड़ी के मोकाटे से होगा। इसका मतलब साफ है कि बड़े पवार ने राहुरी सीट पर भाजपा को वॉक ओवर देने से साफ इनकार कर दिया और यहां चुनावी मुकाबला होकर रहेगा।

शशिकांत शिंदे ने बताई पूरी कहानी

राकां (एसपी) गुट के प्रदेश अध्यक्ष शशिकांत शिंदे ने कहा कि प्राजक्त तनपुरे ने पहले राहुरी विस उपचुनाव लड़ने की बात कही थी। सोमवार दोपहर 1 बजे तक हमने उनका इंतजार किया, जब वे नहीं आए तो हमने सामाजिक क्षेत्र में काम करने वाले गोविंदराव मोकाटे की उम्मीदवारी की घोषणा की। ऐसा लगता है कि तनपुरे से बीजेपी नेताओं ने संपर्क किया। शायद उन्हें लगा कि उनकी जीत मुश्किल होगी लेकिन मुझे नहीं पता कि वे चुनाव लड़ने से पीछे क्यों हट गए। इस बारे में वे खुद ज्यादा बता सकते हैं।

Baramati Assembly Constituency सिर्फ चुनाव क्षेत्र नहीं, दादा की सांस थी

  • सुनेत्रा ने कहा कि Baramati सिर्फ एक चुनाव क्षेत्र नहीं है, बल्कि दादा की सांस थी और उससे जुड़ा हर व्यक्ति मेरे लिए महत्वपूर्ण है। यह चुनाव मेरा निजी नहीं, बल्कि दादा से प्यार करने वाले हर बारामतीवासी का है।
  • अजित दादा के विकास के मार्ग को आगे बढ़ाने का संकल्प राकां के प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे ने कहा कि पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनेत्रा पवार का नामांकन मात्र औपचारिकता नहीं, बल्कि पूर्व डिप्टी सीएम अजित पवार द्वारा चुने गए विकास के मार्ग पर आगे बढ़ने का दृढ़ संकल्प है।
Navbharat Live
navbharatlive.com