

Sunetra Pawar Baramati By Election Nomination: महाराष्ट्र की राजनीति का केंद्र माने जाने वाले बारामती में एक बार फिर चुनावी हलचल तेज हो गई है। उपमुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) की अध्यक्ष सुनेत्रा पवार आगामी 23 अप्रैल को होने वाले विधानसभा उपचुनाव के लिए 6 अप्रैल को अपना नामांकन पत्र दाखिल करेंगी। यह सीट उनके पति और राज्य के कद्दावर नेता अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद खाली हुई थी।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, सुनेत्रा पवार का नामांकन केवल एक प्रक्रिया नहीं, बल्कि महायुति का बड़ा शक्ति प्रदर्शन होगा। नामांकन के दौरान मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के भी मौजूद रहने की संभावना है। बारामती में नामांकन से पहले एक विशाल जनसभा आयोजित की जाएगी, जिसके जरिए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी अपनी पकड़ और एकजुटता का संदेश देगी।
बारामती और पवार परिवार एक-दूसरे के पूरक रहे हैं। अजित पवार ने यहां से रिकॉर्ड 8 बार विधायक के रूप में प्रतिनिधित्व किया। 2019 के विधानसभा चुनाव में अजित पवार ने 1.65 लाख वोटों के ऐतिहासिक अंतर से जीत दर्ज की थी। वहीं 2024 के विधानसभा चुनाव उन्होंने अपने भतीजे युगेंद्र पवार को 1 लाख से अधिक वोटों से हराकर अपनी बादशाहत कायम रखी थी।
इसी साल 28 जनवरी को बारामती हवाई पट्टी के पास हुए दुखद विमान हादसे में अजित पवार के निधन से राज्य की राजनीति में एक बड़ा शून्य पैदा हो गया। इसके बाद 31 जनवरी को सुनेत्रा पवार ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली और 26 फरवरी को उन्हें सर्वसम्मति से एनसीपी का अध्यक्ष चुना गया।
जहां एक ओर शरद पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) ने सहानुभूति और पारिवारिक संबंधों के चलते इस उपचुनाव में उम्मीदवार न उतारने का फैसला किया है, वहीं कांग्रेस के रुख ने मुकाबला दिलचस्प बना दिया है। कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि वह इस सीट को निर्विरोध नहीं छोड़ेगी। ऐसे में देखना होगा कि क्या बारामती में चुनावी जंग होती है या सुनेत्रा पवार निर्विरोध विधानसभा पहुंचती हैं।
चुनाव आयोग ने बारामती के साथ-साथ अहिल्यानगर जिले की राहुरी विधानसभा सीट पर भी 23 अप्रैल को ही मतदान की घोषणा की है। यह सीट भाजपा विधायक शिवाजीराव कार्डिले के निधन के बाद खाली हुई है। बीजेपी ने यहां से उनके बेटे अक्षय कार्डिले को अपना उम्मीदवार बनाया है।