

Sanjay Shirsat on Imtiaz Jaleel Nida Khan Relation: नासिक की टीसीएस कंपनी में जबरन धर्मांतरण और यौन शोषण के आरोपों ने पहले ही राज्य को हिला दिया था, लेकिन अब इस मामले ने पूरी तरह से राजनीतिक मोड़ ले लिया है। 43 दिनों तक फरार रहने के बाद निदा खान को छत्रपति संभाजीनगर के नारेगांव से गिरफ्तार किया गया। जिस स्थान से निदा की गिरफ्तारी हुई, वह एआईएमआईएम पार्षद मतीन पटेल का घर था। इसी कड़ी को जोड़ते हुए संजय शिरसाट ने इम्तियाज जलील पर सीधा हमला बोला है।
संजय शिरसाट ने 'एबीपी माझा' से बातचीत में दावा किया कि निदा खान और जलील परिवार के बीच गहरा संबंध है। उन्होंने आरोप लगाया कि निदा खान कोई साधारण आरोपी नहीं है, बल्कि वह इम्तियाज जलील के भाई की पत्नी की रिश्तेदार है। शिरसाट के अनुसार, इसी रिश्तेदारी और राजनीतिक रसूख के कारण निदा इतने दिनों तक पुलिस की पकड़ से बाहर रही।
शिरसाट ने पार्षद मतीन पटेल की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक छोटा पार्षद अपने स्तर पर इतने बड़े मामले की आरोपी को पनाह देने का जोखिम नहीं उठा सकता। उन्होंने दावा किया कि मतीन पटेल ने अपने "बॉस" (इम्तियाज जलील) के कहने पर निदा खान को अपना घर रहने के लिए दिया और तमाम सुख-सुविधाएं मुहैया कराईं। शिरसाट ने इसे "कॉर्पोरेट जिहाद" को राजनीतिक संरक्षण देने का मामला करार दिया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए संजय शिरसाट ने राज्य के गृह विभाग और मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इम्तियाज जलील की तत्काल गिरफ्तारी और गहन पूछताछ की मांग की है। शिरसाट का तर्क है कि यदि निदा खान और जलील के बीच रिश्ते की बात सच है, तो यह स्पष्ट है कि पूरी पार्टी ने मिलकर एक आरोपी को बचाने की कोशिश की है।
दूसरी ओर, असदुद्दीन ओवैसी और इम्तियाज जलील ने शुरुआत से ही निदा खान का समर्थन किया है और इसे शिक्षित मुस्लिम युवाओं को बदनाम करने की साजिश बताया है। हालांकि, नए रिश्तों के खुलासे के दावे ने एआईएमआईएम को बैकफुट पर धकेल दिया है। फिलहाल पूरे महाराष्ट्र की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या पुलिस संजय शिरसाट के इन दावों के आधार पर इम्तियाज जलील से पूछताछ करेगी।