नासिक में बादल फटने का खतरा! त्र्यंबकेश्वर और सप्तश्रृंगी मंदिर सहित 5 तालुकाओं में स्कूल-कॉलेज और बाजार बंद

Nashik Cloudburst Heavy Rain Alert: नासिक में बादल फटने की आशंका के बीच त्र्यंबकेश्वर सहित 5 तालुकाओं में स्कूल बंद। सेना अलर्ट पर, नागरिकों को सावधानी की अपील।
Nashik Cloudburst Warning
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Nashik Cloudburst Warning: महाराष्ट्र के मुंबई, कोंकण, पुणे और नासिक सहित विभिन्न हिस्सों में मूसलाधार बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। मुंबई में जहां भारी बारिश से जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो चुका है, वहीं अब नासिक जिले पर एक बड़ा प्राकृतिक संकट मंडरा रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के नवीनतम पूर्वानुमान के अनुसार, नासिक जिले में भीषण बादल फटने की गंभीर आशंका जताई गई है।

इस खतरे को ध्यान में रखते हुए नासिक जिला प्रशासन पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गया है। किसी भी अप्रिय स्थिति या बचाव अभियान को तुरंत अंजाम देने के लिए जिला मजिस्ट्रेट ने एक आपातकालीन प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी तैयारियों का विस्तृत विवरण साझा किया है। साथ ही, नागरिकों से बेहद सतर्क रहने की अपील की है।

नासिक के 5 तालुकाओं में स्कूल-कॉलेज बंद

मौसम विभाग ने 7 जुलाई 2026 को नासिक जिले के लिए अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। ग्रामीण क्षेत्रों, विशेष रूप से त्र्यंबकेश्वर, इगतपुरी, पेठ और दिंडोरी में मूसलाधार आफत बरसने का अनुमान है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्वयं नासिक की तैयारियों की समीक्षा की है। जिला कलेक्टर के आदेशानुसार नासिक ग्रामीण, त्र्यंबकेश्वर, इगतपुरी, पेठ और दिंडोरी सहित 5 प्रभावित तालुकाओं में सभी स्कूल और कॉलेज पूरी तरह बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही, सुरक्षा के लिहाज से इन क्षेत्रों में लगने वाले साप्ताहिक बाजारों पर भी रोक लगा दी गई है।

त्र्यंबकेश्वर और सप्तश्रृंगी मंदिर कल रहेंगे बंद, सेना को किया गया अलर्ट

सुरक्षा के कड़े कदम उठाते हुए प्रशासन ने सुप्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग त्र्यंबकेश्वर मंदिर और भारी बारिश की संभावना वाले क्षेत्र में स्थित सप्तश्रृंगी मंदिर को कल (7 जुलाई) श्रद्धालुओं के लिए पूरी तरह बंद रखने का फैसला किया है। इसके अलावा, प्रशासन ने किसानों से भी अपील की है कि वे कल खेतों में जाने से पूरी तरह बचें। संभावित बाढ़ और जलजमाव की स्थिति से निपटने के लिए सड़कों पर पानी की निकासी सुनिश्चित की जा रही है। किसी भी आपात स्थिति के लिए भारी मशीनें जैसे जेसीबी (JCB) और पोकलेन तैयार रखी गई हैं, और जरूरत पड़ने पर तुरंत कमान संभालने के लिए भारतीय सेना को भी अलर्ट पर रखा गया है।

केवल अत्यंत आवश्यक होने पर ही घरों से बाहर निकलें नागरिक

नासिक में बादल फटने की इस गंभीर दहशत के बीच, जिला कलेक्टर ने नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोपरि बताते हुए उनसे उचित सावधानी बरतने का आग्रह किया है। उन्होंने हाथ जोड़कर अपील की है कि लोग मौसम की स्थिति को हल्के में न लें और केवल अत्यंत आवश्यक या आपातकालीन काम होने पर ही अपने सुरक्षित घरों से बाहर कदम निकालें। निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर नजर रखने को कहा गया है और आपदा प्रबंधन की टीमें चौबीसों घंटे स्थिति की निगरानी कर रही हैं।

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