

Nashik Tourist Family Attack: महाराष्ट्र के प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों पर कानून व्यवस्था और सैलानियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर बेहद गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। नासिक जिले के इगतपुरी स्थित प्रसिद्ध भावली बांध क्षेत्र में सप्ताहांत का लुत्फ उठाने गए एक पर्यटक परिवार पर स्थानीय बदमाशों और मनचलों द्वारा सरेआम जानलेवा हमला किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है।
छेड़छाड़ का विरोध करने पर भड़के गुंडों ने न केवल पर्यटकों को बेरहमी से पीटने की कोशिश की, बल्कि उनकी कार का मीलों तक पीछा कर लोहे की रॉड्स और लाठियों से हमला कर गाड़ी के शीशे तोड़ डाले। इस खौफनाक वारदात के बाद डरा-सहमा पीड़ित परिवार सीधे पुलिस स्टेशन पहुंचा और मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई।
यह खौफनाक वाकया नासिक निवासी पूनम भागवत और उनके परिवार के साथ पेश आया। पूनम अपने परिवार के 8 सदस्यों के साथ केलझर और भावली वाटरफॉल (झरना) देखने गई थीं। जब परिवार वापस लौटने की तैयारी कर रहा था, तभी दो स्थानीय युवकों ने उनके परिवार की एक युवती के साथ कथित रूप से अश्लील छेड़छाड़ और फब्तियां कसनी शुरू कर दीं।
जब पूनम और उनके पति ने इस अभद्रता का कड़ा विरोध करते हुए सार्वजनिक स्थान पर तमीज से रहने की हिदायत दी, तो आरोपी बौखला गए और सरेआम गंदी गालियां बकने लगे। हालांकि, उस समय विवाद बढ़ता देख आरोपी वहां से खिसक गए और मामला शांत होता दिखाई दिया।
पीड़ित पूनम भागवत के मुताबिक, विवाद शांत होने के थोड़ी ही देर बाद वहां 8-10 स्थानीय युवकों की एक टोली आ धमकी। उन्होंने चिल्लाते हुए पूछा कि हमारे लोगों के साथ बहस क्यों की? इसके बाद जब परिवार ने वहां से गाड़ी आगे बढ़ाई, तो बदमाशों ने बाइक पर सवार होकर फिल्मी स्टाइल में उनका पीछा करना शुरू कर दिया।
आरोपियों ने करीब 15 से 20 किलोमीटर तक पूनम की कार को खदेड़ा और रास्ते में कई जगह ओवरटेक कर रोकने की कोशिश की। इस दौरान हमलावरों ने चलती गाड़ी पर लोहे की रॉड और भारी लकड़ी के डंडों से ताबड़तोड़ वार किए, जिससे कार के पीछे और बगल के शीशे चकनाचूर हो गए। पूनम ने सूझबूझ दिखाते हुए तेजी से कार चलाकर किसी तरह पूरे परिवार की जान बचाई।
इस जानलेवा हमले के बाद थर-थर कांपता हुआ पीड़ित परिवार सीधे नासिक के अंबड पुलिस स्टेशन पहुंचा और आपबीती सुनाते हुए मामला दर्ज कराया। घटना की संवेदनशीलता और पर्यटन स्थल पर सुरक्षा में चूक को देखते हुए अंबड पुलिस और नासिक ग्रामीण पुलिस ने तुरंत एक संयुक्त विशेष टीम का गठन किया।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अब तक इस मामले में 6 से 7 स्थानीय संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है, जिनसे घटना के संबंध में कड़ी पूछताछ की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पेट्रोलिंग बढ़ाई जाएगी और पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ बेहद सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।