Nagpur News: माओवादियों के टारगेट पर शहरी स्लम के युवा, ब्रेनवॉश कर गुरिल्ला आर्मी में भर्ती करने का प्रयास
- Written By: नवभारत डेस्क
नागपुर. माओवादियों को गड़चिरोली के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले युवाओं का समर्थन मिलना बंद हो गया है. ज्यादातर युवक या तो पुलिस में भर्ती हो रहे हैं या अन्य सरकारी सेवाओं में जा रहे हैं. पुलिस ने प्रभावित क्षेत्रों में अपनी पैठ भी बना ली है. इसीलिए अब माओवादी भयभीत है. नक्सलियों की गुरिल्ला आर्मी में लड़ाकू की भारी कमी हुई है. यही कारण है कि अब नक्सलियों ने शहरी भागों के स्लम में रहने वाले युवाओं पर ध्यान केंद्रित किया है.
माओवादियों से जुड़े अर्बन नक्सली स्लम इलाकों में युवाओं का ब्रेनवॉश कर उन्हें शासन और प्रशासन के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए तैयार कर रहे हैं. यह वाकई में चिंताजनक बात है. एंटी नक्सल ऑपरेशन के विशेष आईजी संदीप पाटिल ने मीडिया को बताया कि शहरी क्षेत्रों में रहने वाले गरीब युवाओं को नक्सल कैडर में शामिल करने का प्रयास किया जा रहा है. ग्रामीण नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में युवा माओवादियों के झांसे में नहीं आ रहे हैं. यही कारण है कि अब माओवादियों की अर्बन सेल ने शहरी भागों में घुसपैठ बनाई है. मुंबई, पुणे, नागपुर, नासिक और गोंदिया में सक्रियता होने की जानकारी सामने आई है. पिछले दिनों पुलिस ने ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों के गोपनीय दस्तावेज जब्त किए थे.
इससे साफ पता चलता है कि नक्सल शहरी भागों में विशेषतौर पर स्लम इलाकों में सक्रिय हुए है. शहर की झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले गरीब युवाओं को निशाना बनाया जा रहा हैं. ऐसे युवक जो किसी न किसी वजह से सरकार या सरकारी मशीनरी से नाराज हैं. उन्हें बताया जा रहा है कि सरकार उनके लिए कुछ नहीं कर रही है. नागपुर के इंदोरा परिसर में भी अर्बन नक्सलियों की फौज सक्रिय होने की बात सामने आई है. इस इलाके में पहले भी नक्सल समर्थक सक्रिय रह चुके हैं.
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युवाओं को न्याय की लड़ाई लड़ने का झांसा देकर ब्रेनवॉश किया जा रहा है. इन युवाओं को जंगल में लड़ाई लड़ने से लेकर शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में समन्वय बनाने के लिए नियुक्त किया जा रहा है. जंगल में असला-बारूद और स्वास्थ्य सेवाएं सहायता उपलब्ध करवाने का काम इन युवाओं से करवाया जाएगा. पाटिल ने कहा कि नकारात्मक मानसिकता वाले कमजोर युवाओं जल्दी इस तरह की गतिविधियों के लिए आकर्षित हो सकते हैं. जो सरकार के खिलाफ इन परिस्थितियों का फायदा उठाने का इरादा रखते हैं. इन नक्सली गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. पुलिस ने अब शहरी क्षेत्रों में सक्रिय नक्सल समर्थकों पर निगरानी बढ़ा दी है. पुलिस लोगों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है. ऐसे लोगों पर कानूनी कार्रवाई करने की पूरी तैयारी है.
