

Highlights
नागपुर में पीएम स्वनिधि योजना के तहत 96,777 फेरीवालों को लाभ मिला।
1 जून 2020 से 31 अगस्त 2026 तक कुल 153,57,04,129 की सहायता वितरित की गई।
आंकड़े RTI कार्यकर्ता अभय कोल्लहाकर को नागपुर मनपा ने उपलब्ध कराए।
कुल 56,580 लाभार्थियों ने अपना पूरा कर्ज चुकाकर लोन खाता बंद कर लिया।
योजना में मूल रूप से अलग-अलग चरणों में ऋण उपलब्ध कराया जाता है।
Nagpur Municipal Corporation SVANidhi Data: नागपुर में पीएम स्वनिधि योजना सड़क किनारे व्यापार करने वाले फेरी और ठेले वालों को व्यापार के लिए आर्थिक सहायता के रूप में उनका सहारा बन रही है।
यह योजना उनके टूटते हुए व्यवसाय को संभालने का काम भी कर रही है। शहर में ऐसे ही फेरी और ठेले वालों को पिछले 6 साल से अधिक समय में पीएम स्वनिधि योजना से 153 करोड़ रुपये से ज्यादा की निधि का वितरण किया गया है।
नागपुर महानगरपालिका के समाज विकास विभाग द्वारा 96,777 फेरी वालों की कुल 1,53,57,04,129 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। आरटीआई कार्यकर्ता अभय कोल्लहाकर को मनपा द्वारा उपलब्ध कराए गए आकड़ों में यह खुलासा हुआ है।
मनपा के समाज विकास विभाग के अनुसार 1 जून 2020 से 31 अगस्त 2026 के दौरान स्वनिधि योजना के तहत भारी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए। उल्लेखनीय है कि इसके योजना के तहत लाभार्थियों को पहले चरण में 10,000 रुपये, दूसरे चरण में 20,000 रुपये व तीसरे चरण में 50,000 रुपये की राशि दी जाती है।
इस योजना के तहत नागपुर मनपा में कुल 96,777 फेरी और ठेले वालों को लाभान्वित किया गया है आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनते हुए फूल 56,580 लाभार्थियों ने अपना पूरा लोन गई
चुकाकर अपना खाता बंद कर लिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार इन फेरी और ठेले वालों ने राशि वितरण के लिए बैंकों द्वारा तैयार की मार्गदर्शक सूचनाओं का पालन किया है।
निसंदेह इस योजना ने नागपुर जिले के सामान्य और छोटे व्यवसायियों के जीवन में आर्थिक स्थिरता लाने का एक नया मार्ग प्रशस्त किया है।
समय पर ऋण चुकाने वाले इन फेरीवालों की बढ़ती संख्या यह दर्शाती है कि यदि मेहनतकश वर्ग को सही समय पर वित्तीय संबल मिल जाए, तो वे आत्मनिर्भर बनने की पूरी क्षमता रखते हैं और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।