

Nagpur University BJYM Protest: नागपुर भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) ने राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय की ढुलमुल कार्यप्रणाली के खिलाफ आंदोलन और तेज कर दिया है। 2 दिन पहले सौंपे गए 20 मांगों वाले ज्ञापन पर प्रशासन द्वारा कोई ठोस कार्यवाही नहीं किए जाने से छात्रों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। इसी के चलते शुक्रवार को प्रशासन को एक 'स्मरण पत्र सौंपते हुए 4 दिनों का अल्टीमेटम दिया गया। इस बीच चर्चा करने पहुंचे प्रतिनिधि मंडल से मिलने से उपकुलपति ने इनकार कर दिया।
भाजयुमो नागपुर शहर अध्यक्ष सचिन करारे के नेतृत्व में एक शिष्टमंडल विवि गया था। करारे ने बताया कि इन दिनों परीक्षाएं चल रही हैं और विद्यार्थियों को तकनीकी समस्याओं, हॉल टिकट में त्रुटियों तथा परीक्षा केंद्रों पर अव्यवस्थाओं के कारण भारी मानसिक और आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहा है और उपकुलपति के पास विद्यार्थियों की समस्याएं सुनने तक का समय नहीं है, यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। भाजयुमो की ओर से 19 मई को आंदोलन किया गया था। छात्रों की समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन को 2 दिनों की समय सीमा दी गई थी लेकिन अवधि समाप्त होने के बावजूद किसी भी मांग पर कार्यवाही नहीं की गई।
इसी के विरोध में यह स्मरण पत्र सौंपा गया। भाजयुमो ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि 4 दिनों के भीतर मांगों पर निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तीव्र किया जाएगा। उसके बाद उत्पन्न होने वाली कानून-व्यवस्था की स्थिति के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन एवं उपकुलपति स्वयं जिम्मेदार होंगे। इस अवसर पर शहर महामंत्री रितेश पांडे, ऋषभ अरखेल, अथर्व त्रिवेदी, नागेश साठवणे, शशांक समुद्रे, जय साजवानी, आशु गुमगांवकर, यश गौर, आर्यन ताकभवरे, कौस्तुभ बैतुले, अर्णव दीप सिंह, प्रतीक्षा घारडे, योगिता बुडें आदि उपस्थित थे।