पहले मातारानी को किया प्रणाम, फिर दानपेटी की साफ, नागपुर के मंदिर में संस्कारी चोर का कारनामा! देखें VIDEO

Nagpur Temple Theft: नागपुर के लकड़गंज स्थित शीतला माता मंदिर में चोरी का अनोखा मामला सामने आया है। आरोपी ने दानपेटी पर हाथ साफ करने से पहले मातारानी के सामने हाथ जोड़कर प्रणाम किया।
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मंदिर में चारी करते हुए युवक (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Nagpur Sheetla Mata Temple Theft CCTV Video: उपराजधानी नागपुर के लकड़गंज इलाके से एक ऐसी चोरी की खबर सामने आई है जिसने पुलिस और स्थानीय नागरिकों, दोनों को हैरत में डाल दिया है। अमूमन चोर अंधेरे का फायदा उठाकर वारदात को अंजाम देते हैं और भाग निकलते हैं, लेकिन शीतला माता मंदिर में हुई यह चोरी सामान्य वारदातों से काफी अलग और अनोखी है। यहां चोरी के साथ-साथ दिखावटी भक्ति का एक ऐसा मंजर देखने को मिला है, जिसे देख हर कोई दंग है।

शहर के प्रसिद्ध शीतला माता मंदिर में हाल ही में दो अज्ञात युवकों ने सेंधमारी की। मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों में यह पूरी घटना विस्तार से कैद हो गई है। फुटेज में देखा जा सकता है कि दो आरोपी बड़ी सफाई से मंदिर के भीतर दाखिल होते हैं। लेकिन इस चोरी की सबसे दिलचस्प और चौंकाने वाली बात वह है जो दानपेटी को हाथ लगाने से ठीक पहले हुई।

जैसे ही मुख्य आरोपी दानपेटी के पास पहुंचा, उसने दानपेटी तोड़ने से पहले माता की मूर्ति की ओर देखा। चोरी जैसी घिनौनी वारदात को अंजाम देने से पहले उसने पूरी श्रद्धा के साथ अपने हाथ जोड़े और मातारानी से अपनी इस करतूत के लिए माफी माँगी। ऐसा लग रहा था मानो वह माँ से कह रहा हो कि वह मजबूरी में यह कदम उठा रहा है, और फिर पलक झपकते ही उसने दानपेटी का ताला तोड़कर सारी नकदी पर हाथ साफ कर दिया।

पवित्रता का अपमान और चोरों की निर्लज्जता

मंदिर प्रबंधन और फुटेज देखने वाले लोगों ने चोरों की इस बेशर्मी पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। एक तरफ जहां चोर हाथ जोड़कर माफी मांगने का नाटक कर रहा था, वहीं दूसरी ओर उसने मंदिर की न्यूनतम मर्यादा का भी पालन नहीं किया। फुटेज में साफ देखा गया कि आरोपी मंदिर के भीतर चप्पल पहनकर ही घूम रहा था और उसी हालत में उसने दानपेटी को लूटा। इस बेशर्मी ने स्थानीय भक्तों की भावनाओं को काफी ठेस पहुँचाई है।

जांच और तकनीकी चुनौतियां

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। हालांकि, सीसीटीवी फुटेज को प्राप्त करने और उसे प्रोसेस करने में कुछ तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। बताया जा रहा है कि डेटा काफी अधिक होने के कारण उसे एक्सपोर्ट करने में डेढ़ से दो घंटे का समय लगा। फुटेज की बारीकी से जांच करने पर पता चला कि चोरों ने मंदिर में काफी समय बिताया और पूरी इत्मीनान से इस वारदात को अंजाम देकर रफूचक्कर हो गए।

पुलिस की कार्रवाई

मंदिर प्रशासन की शिकायत पर लकड़गंज पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज में चोरों के चेहरे स्पष्ट दिखाई दे रहे हैं और इसी आधार पर उनकी तलाश तेज कर दी गई है। यह घटना नागपुर में बढ़ती चोरी की वारदातों और अपराधियों के बेखौफ हौसलों का एक ताजा उदाहरण है, जहाँ अब भगवान का घर भी सुरक्षित नहीं रहा है। स्थानीय लोग जल्द से जल्द इन 'भक्त चोरों' की गिरफ्तारी की माँग कर रहे हैं।

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