नागपुर में जरूरतमंदों को मिलेगा खुद का घर! म्हाडा शुरू कर रहा मेगा हाउसिंग प्रोजेक्ट
Nagpur Housing Project: म्हाडा नागपुर शहर और जिले में गरीबों के लिए बड़े आवासीय प्रोजेक्ट की तैयारी कर रहा है। इसके लिए सीधे जमीन मालिकों से जमीन खरीदकर किफायती आवास विकसित किए जाएंगे।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर हाउसिंग प्रोजेक्ट, प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सौजन्य AI)
Nagpur Housing Project Land Acquisition: महाराष्ट्र गृह निर्माण व क्षेत्र विकास प्राधिकरण (म्हाडा) नागपुर शहर एवं जिले में गरीबों के लिए बड़े हाउसिंग प्रोजेक्ट की तैयारी में जुट गया है। इसके लिए म्हाडा ने नागपुर महानगरपालिका की सीमा में एवं जिले की विभिन्न तहसीलों में इस आवासीय परियोजना को अमलीजामा पहनाने के लिए जमीन खरीदी का एक बहुत बड़ा और महत्वपूर्ण प्रस्ताव तैयार किया है। इसे लेकर काम भी शुरू कर दिया गया है।
सूत्रों के अनुसार अब तक नागपुर में 210 लेआउट विकसित कर चुके म्हाडा की इस आवास परियोजना से भविष्य में नागपुर के जरूरतमंद गरीब परिवारों को अपना आशियाना मिल सकेगा। प्राप्त जानकारी के अनुसार म्हाडा इस प्रस्तावित परियोजना के लिए सीधे जमीन मालिकों से सरकारी दर अनुसार जमीन खरीदेगा।
सीधे मूल जमीन मालिकों के साथ आमने-सामने बैठकर बातचीत होगी और पारदर्शी तरीके से जमीन की खरीदी की जाएगी, ताकि सीधे किसानों या भूस्वामियों को उनकी संपत्ति का पूरा और सही मूल्य मिल सके। जमीन बेचने के लिए म्हाडा के कार्यालय में लोग पहुंचने भी लगे हैं।
सम्बंधित ख़बरें
Maharashtra Cyber Crime: 2025 से मई 2026 के बीच 10,505 मामले दर्ज, अकेले मुंबई में 1,311 करोड़ की ठगी
भंडारा में अधूरी सड़कें बनी मुसीबत, गड्ढों से बढ़ा हादसों का खतरा
नागपुर एयरपोर्ट पर अचानक उतरा सैकड़ों बगुलों का विमान! रनवे पर कब्जा देख अथॉरिटी भी हैरान, 3 घंटे चला रेस्क्यू
भंडारा में औषधि सुरक्षा अभियान तेज, संदिग्ध दवाओं पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई
म्हाडा अधिनियम 1976 की धारा 52 के अंतर्गत होने वाली इस सीधी खरीदी प्रक्रिया के लिए कम से कम 5 एकड़ जमीन होना अनिवार्य किया गया है, जबकि अधिकतम जमीन की कोई सीमा तय नहीं की गई है। इसका मतलब साफ है की म्हाडा के इस भविष्य के हाउसिंग प्रोजेक्ट में कम से कम आवास योजना 5 एकड़ में रहेगी, जबकि इससे बड़ी परियोजना भी क्रियान्वित की जाएगी।
आवश्यक निर्देश भी जारी
इस परियोजना के लिए नागपुर महानगरपालिका सीमा सहित नागपुर ग्रामीण तहसील, काटोल, उमरेड, सावनेर, रामटेक, भौदा, कामठी, हिंगना और कलमेश्वर जैसे प्रमुख क्षेत्रों को लक्षित किया गया है।
म्हाडा ने साफ कर दिया है कि प्रस्तावित जमीन पूरी तरह से न्यायालयीन विवादों से मुक्त होनी चाहिए और विकास योजना के नियमों के तहत केवल आवासीय क्षेत्र में ही आनी चाहिए। म्हाडा की इस प्रस्तावित परियोजना के तहत रास्ता, पानी व बिजली की व्यवस्था वाली जमीनों को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी। म्हाडा ने इस परियोजना के संदर्भ में है।
आवासीय बुनियादी ढांचा तैयार करना मकसद
नागपुर शहर के साथ-साथ जिले के अन्य नगरपालिका क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर नई टाउनशिप विकसित करने की योजना पर महाराष्ट्र गृह निर्माण व क्षेत्रविकास प्राधिकरण (महाडा) काम कर रहा है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए महाडा बड़े भूखंडों की तलाश में है।
यह भी पढ़ें:-नागपुर एयरपोर्ट पर अचानक उतरा सैकड़ों बगुलों का विमान; रनवे पर कब्जा देख अथॉरिटी ने चलाया 3 घंटे का रेस्क्यू
म्हाडा नागपुर के मुख्य अधिकारी डॉ. विजय इंगोले ने बताया कि इस हाउसिंग प्रोजेक्ट के लिए सरकारी दर पर सीधे जमीन खरीदी जाएगी। इस प्रोजेक्ट के लिए म्हाडा खुद निधि जुटाएगा। इस योजना के तहत जरूरत पड़ने पर उन क्षेत्रों में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत भी मकान बनाए जा सकते हैं। जहां नगरपालिका के पास पहले से ही पंजीकृत लाभार्थी मौजूद है। म्हाडा का मुख्य उद्देश्य नागपुर और उसके आसपास के शहरी व अर्धशहरी क्षेत्रों में सुनियोजित आवासीय बुनियादी ढांचा तैयार करना है।
-नवभारत लाइव के लिए नागपुर से रियाज अहमद की रिपोर्ट
