

Nagpur Solar Energy Project: नागपुर केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी 'प्रधानमंत्री सूर्यधर-मुफ्त बिजली योजना' ने देश में स्वच्छ और सस्ती ऊर्जा की नई लहर पैदा की है। इस अभियान में महावितरण के नागपुर परिमंडल ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। नागपुर और वर्धा जिलों के 1,00,708 ग्राहकों ने अपने घरों की छतों पर सौर ऊर्जा प्रकल्प सफलतापूर्वक स्थापित कर इस क्रांति में सहभागिता दर्ज की है।
विशेष बात यह है कि राज्य में महावितरण के कार्यक्षेत्र में स्थापित कुल सौर ऊर्जा प्रकल्पों में अकेले नागपुर परिमंडल की हिस्सेदारी 17.72 प्रतिशत है, जबकि स्थापित क्षमता में यह हिस्सा 17.78 प्रतिशत है। इस उपलब्धि के कारण नागपुर परिमंडल राज्य के सौर ऊर्जा मानचित्र पर अग्रणी स्थान पर पहुंच गया है।
इस सौर क्रांति में नागपुर जिले ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। जिले में 82,601 ग्राहकों ने सौर ऊर्जा को अपनाया है, जबकि वर्धा जिले के 18,107 ग्राहकों ने भी इस योजना को उत्साहपूर्वक स्वीकार किया है।
इन कुल 1,00,708 सौर प्रकल्पों की संयुक्त विद्युत उत्पादन क्षमता 382.6 मेगावाट है। इसमें नागपुर जिले का योगदान 317.82 मेगावाट तथा वर्धा जिले का योगदान 64.76 मेगावाट है।
दोडके ने नागपुर और वर्धा जिलों के सभी नागरिकों, हाउसिंग सोसाइटियों और फ्लैट धारकों से इस सुनहरे अवसर का लाभ उठाने की अपील की है। इछुक नागरिक pmsuryaghar.gov.in इस आधिकारिक पोर्टल पर पंजीकरण कर अपने घर को 'सूर्यधर' बनाएं और राष्ट्र निर्माण के साथ हरित ऊर्जा आंदोलन में योगदान दें। उन्होंने कहा कि इस योजना से न केवल व्यक्तिगत आर्थिक लाभ होगा बल्कि देश की ऊर्जा सुरक्षा को भी बड़ी मजबूती मिलेगी।