

Jagnade Chowk Elevated Square: नागपुर शहर यातायात और बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में एक नया और अनूठा इतिहास रचने जा रहा है। शहर के व्यस्तम जगनाडे चौक पर नागपुर का पहला 'चौक के ऊपर चौक' यानी जमीन पर स्थित चौराहे के ठीक ऊपर हवा में एक नया एलिवेटेड चौक बनाया जा रहा है। महाराष्ट्र रेल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (महारेल) द्वारा बनाए जा रहे दो अलग-अलग फ्लाईओवर्स एक ही स्तर पर आपस में आकर मिलेंगे, जिससे यह अनोखा ढांचा तैयार होगा।
प्रबंध निदेशक राजेश कुमार जायसवाल के मार्गदर्शन में इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट का डिजाइन तैयार किया गया है। पारंपरिक फ्लाईओवर्स के विपरीत, जो अलग-अलग ऊंचाई पर एक-दूसरे के ऊपर से गुजरते हैं, जगनाडे चौक पर दोनों फ्लाईओवर एक ही लेवल पर मिलेंगे। नागपुर के इतिहास में पहली बार किसी फ्लाईओवर के ऊपर ट्रैफिक सिग्नल स्थापित किया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, हवा में बने इस चौक पर सिग्नल के जरिए वाहनों को सीधे जाने और दाहिने मुड़ने की अनुमति होगी, जबकि बाएं मुड़ने वालों के लिए फ्री-लेफ्ट लेन होगी।
यह प्रोजेक्ट कुल 3.21 किलोमीटर लंबा होगा और सड़क की चौड़ाई 11 मीटर रखी जाएगी। इसमें दो मुख्य कॉरिडोर शामिल हैं। पहला 1.6 किमी का रेशिमबाग चौक से केडीके कॉलेज और दूसरा 1.6 किमी का टेलीफोन एक्सचेंज चौक से भांडे प्लॉट चौक। विधायक कृष्णा खोपड़े के अनुसार, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के मार्गदर्शन में शुरू हुआ यह प्रोजेक्ट पूर्व नागपुर के लिए मील का पत्थर साबित होगा।
इस परियोजना का काम 14 फरवरी 2024 को शुरू हुआ था। शुरुआत में इसे जून 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य था, लेकिन फ्लाईओवर की लंबाई में लगभग 1 किलोमीटर का विस्तार किए जाने के कारण अब नई समयसीमा 31 दिसंबर 2026 तय की गई है। दायरा बढ़ने से प्रोजेक्ट की लागत भी शुरुआती 250.79 करोड़ रुपये से बढ़कर अब 441.82 करोड़ रुपये हो गई है। इसके चालू होने से पूर्व नागपुर के छोटे-छोटे चौकों पर लगने वाले भीषण जाम से नागरिकों को हमेशा के लिए निजात मिल जाएगी।