

Nagpur Heatstroke Deaths News: नागपुर महानगरपालिका क्षेत्र में पिछले 8 दिनों के भीतर भीषण गर्मी और उष्माघात (हीटवेव) के कारण 26 लोगों की संदिग्ध मौत होने की खबर उजागर होने से मनपा प्रशासन में हड़कंप मच गया है। लगातार बढ़ते तापमान के बीच प्रशासन ने नागरिकों की सुरक्षा के लिए कई बड़े कदम उठाए हैं। इस संदर्भ में स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दीपक सेलोकर ने कहा कि इस तरह की खबरें चल रही हैं। इन 26 लोगों का सरकारी अस्पताल में पोस्टमार्टम हो रहा है जिसमें उजागर होने वाले कारणों के बाद ही स्पष्ट रूप से कुछ कहा जा सकता है।
सड़क पर रहने वाले बेघर लोगों को गर्मी से सबसे ज्यादा खतरा होता है। इसे देखते हुए पुलिस और समाज कल्याण विभाग ने एक विशेष मुहिम शुरू की है। इसके तहत पुलिस सड़कों पर रहने वाले बीमार और बेघर लोगों की पहचान कर उन्हें एंबुलेंस के जरिए सीधे मेडिकल कॉलेज ले जा रही है।
इलाज के बाद उन्हें सुरक्षित 'रैन बसेरों' (बेघर निवारा केंद्र) में शिफ्ट किया जा रहा है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे भीषण गर्मी में अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें और - सतर्क रहें।
इन मौतों के आंकड़ों पर महानगरपालिका के चिकित्सा अधिकारी डॉ. सेलोकर ने स्पष्ट किया कि प्रशासन ने अखबारों के माध्यम से इन मौतों की जानकारी प्राप्त की है। उन्होंने बताया कि सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज और (जीएमसी आईजीएमसी) भेजा गया है। जब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आ जाती तब तक सभी मौतों को केवल 'उष्माघात' (हीट स्ट्रोक) का परिणाम मानना जल्दबाजी होगी क्योंकि मौत के पीछे अन्य चिकित्सीय कारण भी हो सकते हैं।