सराफा व्यापारियों में मची धूम, अब महाराष्ट्र के इन 4 शहरों में बनेंगे गोल्ड क्लस्टर, मिला अप्रूवल

Gold Clusters made in Maharashtra: महाराष्ट्र के सराफा व्यापारियों के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। अब राज्य में ही गोल्ड क्लस्टर बनने वाले है और इसके लिए इन 4 शहरों का चयन किया गया है।
Gold Clusters made in Maharashtra: महाराष्ट्र के सराफा व्यापारियों के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। अब राज्य में ही गोल्ड क्लस्टर बनने वाले है और इसके लिए इन 4 शहरों का चयन किया गया है।
सराफा व्यापारियों को मिला अप्रूवल (सौजन्य-सोशल मीडिया)
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Nagpur Buisness News: अब जल्द ही महाराष्ट्र के 4 शहरों में गोल्ड क्लस्टर बनने वाले हैं। इन 4 शहरों में नागपुर, नासिक, नांदेड़ और कोल्हापुर को पहले शामिल किया गया है। पायलट प्रोजेक्ट के तहत बनने वाले इन 4 क्लस्टरों के लिए सरकार से अप्रूवल मिल चुका है। अब जगह की पहचान की जानी बाकी है। गोल्ड क्लस्टर से सराफा व्यापार ऊंची उड़ान भरेगा।

इस पर जल्द ही काम होने का आश्वासन राज्य के उद्योग मंत्री उदय सामंत ने सराफा कारोबारियों को दिया। विधायक चित्रा वाघ के अथक प्रयासों से ऑल इंडिया जेम एंड ज्वेलरी डोमेस्टिक काउंसिल के सभी सदस्यों और एफिलेटेड एसोसिएशन द्वारा मंत्रालय में उद्योग मंत्री के साथ मुलाकात की गई। इस दौरान उन्होंने यह आश्वासन दिया।

दक्षता कमेटी की कार्यप्रणाली पर चर्चा

जीजेसी के अध्यक्ष राजेश रोकड़े के अनुसार ये 4 शहरों में क्लस्टर होने के बाद राज्य में जहां-जहां जरूरत होंगी वहां पर क्लस्टर तैयार किये जायेंगे। इसके साथ ही बैठक में राज्य स्तरीय दक्षता कमेटी की कार्यप्रणाली पर भी चर्चा की गई। गोल्ड क्लस्टर एक ऐसा क्षेत्र या स्थान होता है जहां सोने के आभूषणों से संबंधित व्यवसाय जैसे कि विनिर्माण, डिजाइन, व्यापार और खुदरा बिक्री एक साथ केंद्रित होते हैं। एक ही क्षेत्र में सोने के आभूषणों से जुड़े विभिन्न व्यवसायों के होने से विशेषज्ञता का विकास होने के साथ गुणवत्ता में सुधार होगा।

सराफा व्यापार को मिलेगा बढ़ावा

गोल्ड क्लस्टर में सोने के आभूषणों के निर्माण, व्यापार और विपणन से संबंधित विभिन्न प्रकार के रोजगार के अवसर पैदा होंगे। यह एक पर्यटन स्थल के रूप में भी काम कर सकता है जिससे विदर्भ में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। गोल्ड क्लस्टर की स्थापना से राज्य के सराफा व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। इससे ज्वेलरी एक्सपोर्ट को नई ऊंचाइयां भी मिलेंगी।

यह बैठक महाराष्ट्र ज्वेलरी उद्योग के विकास लिए बहुत महत्वपूर्ण कदम है। बैठक में जीजेसी जेडसीएम पुरुषोत्तम कावले, भरत ओसवाल, शैलेश खरोटे, सुभाष वडाला, गिरीश नवसे, मयूर सहाने, राजेंद्र डिंडोरकर, अमोल द्योमने, वत्सल बांगरे, अंशुल हरडे, पंकज बखाई, राहुल आसरे, मितेश धोरदा सहित अन्य 45 सराफा व्यापारी उपस्थित थे।

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