

Nagpur Politics: महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना प्रमुख राज ठाकरे ने पनवेल में शेकाप के स्थापना दिवस कार्यक्रम में जन सुरक्षा कानून के संदर्भ में सरकार पर जमकर टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि हिम्मत हो तो गिरफ्तार करो। उन्होंने यह भी सवाल किया कि हक के लिए लड़ेंगे तो क्या अर्बन नक्सली मानकर गिरफ्तार करोगे।
राज ठाकरे को जवाब देते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने यह कहकर उनका डर दूर किया कि जन सुरक्षा कानून उनके लिए नहीं है। वे नागपुर में पत्रकारों से चर्चा कर रहे थे। साथ ही यह भी कहा कि अगर आप अर्बन नक्सलियों की तरह हरकत करोगे तो गिरफ्तारी होगी। आप अर्बन नक्सल की तरह नहीं बनोगे तो गिरफ्तार करने का कोई कारण नहीं है।
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने फिर स्पष्ट किया कि जो लोग कानून के विरोध में हैं उनके लिए यह कानून है। यह आंदोलनकारियों के विरोध में नहीं है। सरकार के खिलाफ बोलने की स्वतंत्रता है। राज ठाकरे बिना कानून का अध्ययन किये कमेंट्स कर रहे हैं।
हिन्दी सख्ती के संदर्भ में सीएम फडणवीस ने एक बार फिर अपनी भूमिका स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि मेरा यह पक्का मत है कि महाराष्ट्र में मराठी सीखनी ही चाहिए। वह अनिवार्य होनी चाहिए। मराठी को अनिवार्य किया है लेकिन महाराष्ट्र के मराठी बच्चों को मराठी के साथ और एक भारतीय भाषा सीखने को मिले तो उसमें गलत क्या है।
भारतीय भाषा का विरोध करना और अंग्रेजी भाषा को अंगीकार करना, इस मानसिकता का मैं विरोधी हूं। पुणे उद्योग जगत में चल रही अलग तरह की दादागिरी पर उन्होंने कहा कि विविध पार्टियों के लोग पार्टी का नाम लेकर दादागिरी करते हैं। इसके विरोध में सभी नेता एकमत हो रहे हैं, यह अच्छी बात है।
देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि ऐसी दादागिरी सहन नहीं की जाएगी। मैं इसे खत्म करके रहूंगा और जो मदद करेंगे उनका स्वागत करूंगा। शतरंज विश्व चैम्पियन बनीं दिव्या देशमुख के संदर्भ में उन्होंने कहा कि 19 वर्ष की दिव्या देशमुख भारत की पहली ग्रैंडमास्टर महिला के रूप में विजयी हुई हैं। उसने देश व महाराष्ट्र का नाम ऊंचा किया है। नागपुर की दिव्या की सफलता पर हमें गर्व है।