

Nagpur Copper Price Hike: नागपुर जिले में आम आदमी पहले से ही रोजमर्रा की जरूरी वस्तुओं की बढ़ती कीमतों से परेशान है। अब घर में बिजली की नई फिटिंग, वायरिंग या इंटरनेट-कम्युनिकेशन लाइन बिछाना भी महंगा हो गया है। ग्लोबल मार्केट में तांबे की कीमतों में हुई तेज बढ़ोतरी का असर अब सीधे बिजली के तार और केबल की कीमतों पर दिखाई देने लगा है।
वायर और केबल बनाने वाली प्रमुख कंपनियों पॉलीकैब इंडिया और फिनोलेक्स केबल्स ने अपने उत्पादों के दाम बढ़ा दिए हैं। इससे घर बनाने या पुराने मकान में बिजली की वायरिंग बदलने वाले उपभोक्ताओं का बजट प्रभावित होगा। केबल और वायर उद्योग में तांबा सबसे महत्वपूर्ण कच्चे माल में शामिल है और कुल कच्चे माल की लागत में इसका बड़ा हिस्सा होता है।
पिछले कुछ समय से अंतरराष्ट्रीय बाजार में तांबे, की कीमतों में लगातार तेजी और अन्य इनपुट लागत बढ़ने के कारण कंपनियों पर लागत का दबाव बढ़ा है। इसी के चलते अब इसका भार उपभोक्ताओं पर डालते हुए वायर और केबल के दाम बढ़ाए जा रहे हैं।
नागपुर जिले में बाजार की प्रमुख कंपनी फिनोलेक्स केबल्स ने 4 सितंबर से अपने लाइट ड्यूटी केबल्स और कम्युनिकेशन केबल्स की कीमतों में करीब 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी लागू कर दी है। लाइट ड्यूटी केबल्स का इस्तेमाल घरों की आंतरिक बिजली वायरिंग में बड़े पैमाने पर किया
जाता है जबकि कम्युनिकेशन केबल्स का उपयोग इंटरनेट और अन्य संचार सुविधाओं के लिए होता है। इस बढ़ोतरी का सीधा असर घरों में नई वायरिंग कराने वाले उपभोक्ताओं के साथ-साथ इंटरनेट और कम्युनिकेशन लाइन बिछाने की लागत पर भी पड़ेगा।
वायर एवं इलेक्ट्रिकल उत्पादों के बाजार की प्रमुख कंपनी पॉलीकैब इंडिया ने भी 2 सितंबर से अपने कई उत्पादों की कीमतों में वृद्धि की है। कंपनी ने घरों में सबसे अधिक इस्तेमाल होने वाले 90 मीटर और 180 मीटर के वायर बंडलों की लिस्टिंग कीमत में लगभग 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। व्यापारियों का कहना है कि तांबे की कीमतों में तेजी का असर केवल वायर और केबल तक सीमित नहीं है। इलेक्ट्रिकल सामान की लागत पर भी इसका प्रभाव पड़ा है।
व्यापारी जवाहर पटेल के अनुसार, महंगे तांबे के कारण इलेक्ट्रिकल क्षेत्र के लगभग हर सामान की कीमत में 10 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। उनका कहना है कि कच्चे माल की लागत लगातार बढ़ने से कंपनियों और व्यापारियों के लिए पुराने दामों पर सामान बेचना मुश्किल हो रहा है।
वर्तमान में 90 मीटर का वायर बंडल करीब 1,600 रुपये और 180 मीटर का बंडल करीब 3,200 रुपये में चल रहा है। आने वाले दिनों में कीमतों में और वृद्धि होने की संभावना है। तांबे की बढ़ती कीमतों का असर इलेक्ट्रिकल उपकरणों पर भी पड़ रहा है। बाजार में पखी की कीमतों में करीब 300 से 500 रुपये तक की वृद्धि होने की जानकारी व्यापारियों ने दी है