

Nagpur Female Cricketer Aditi Chaukhande Suicide: विदर्भ क्रिकेट असोसिएशन (VCA) की टीम में चयन न होने के बाद उपजे भारी तनाव और निराशा के कारण एक 17 वर्षीय महिला क्रिकेटर ने आत्महत्या कर ली है। यह दिल दहला देने वाली घटना नागपुर में सामने आई है। मृतक खिलाड़ी की पहचान अदिति मोरेश्वर चौकांडे के रूप में हुई है, जो मूल रूप से महाराष्ट्र के अकोला जिले की रहने वाली थी। वह पिछले दो वर्षों से अपनी मां के साथ नागपुर के लक्ष्मी नगर स्थित उमालक्ष्मी अपार्टमेंट में रह रही थी।
भारतीय क्रिकेट में बड़ा मुकाम हासिल करने का सपना देखने वाली अदिति पिछले दो से तीन सालों से नागपुर की सुर्वे क्रिकेट अकादमी में नियमित अभ्यास कर रही थी। अदिति का भाई भी क्रिकेटर हैं, जिसके कारण उसके परिवार में खेल का माहौल था। हाल ही में विदर्भ क्रिकेट एसोसिएशन (VCA) द्वारा आयोजित टीम चयन प्रक्रिया में अदिति का चयन नहीं हो पाया था। शुरुआती जांच के अनुसार, इस असफलता के बाद से ही वह मानसिक तनाव से गुजर रही थी।
घटना की जानकारी मिलने पर नागपुर की बजाज नगर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और पंचनामा किया। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। घर की तलाशी के दौरान पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला। शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, नोट में लिखा है, "मेरा सिलेक्शन नहीं हो रहा है, इसलिए मैं अपनी जान दे रही हूं।"
बजाज नगर पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर चेतन चौहान ने बताया कि अदिति चौकांडे मूल रूप से अकोला की रहने वाली थी और नागपुर में अपनी मां के साथ रहती थी। वह पिछले दो-तीन साल से एक क्रिकेट एकेडमी में ट्रेनिंग ले रही थी, लेकिन VCA टीम के लिए उसका सिलेक्शन नहीं हो पाया था। उसका भाई भी क्रिकेटर है। घर पर एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें लिखा है कि सिलेक्शन न होने की वजह से वह अपनी जान दे रही है। मामले की जांच चल रही है और आत्महत्या की असली वजह जांच पूरी होने के बाद ही साफ हो पाएगी।
इस घटना से नागपुर के खेल जगत में सदमा और दुख का माहौल है। हर साल, हजारों खिलाड़ी क्रिकेट में स्टेट या नेशनल लेवल पर जगह बनाने की उम्मीद में अलग-अलग सिलेक्शन ट्रायल्स में हिस्सा लेते हैं। हालांकि, सीमित जगह और कड़े कॉम्पिटिशन की वजह से कई खिलाड़ी पहली बार में सफल नहीं हो पाते।
ऐसे हालात में, हार स्वीकार करने और नए सिरे से तैयारी करने के साथ-साथ, खिलाड़ियों को अपने परिवार, कोच और टीम के साथियों से इमोशनल सपोर्ट मिलना भी बहुत जरूरी है। अदिति की मौत ने कॉम्पिटिटिव स्पोर्ट्स में मानसिक तनाव के मुद्दे को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।