

Sunetra Pawar Vs Priyanka Chaturvedi On Women Reservation Bill: महिला आरक्षण से जुड़ा 131वां संविधान संशोधन विधेयक संसद में पारित नहीं हो सका, जिससे देश की राजनीति में हलचल मच गई है।
इस बिल को पास कराने के लिए दो-तिहाई बहुमत की आवश्यकता थी, लेकिन समर्थन में 298 और विरोध में 230 वोट मिलने के कारण यह पारित नहीं हो पाया। इस घटनाक्रम को सत्ताधारी गठबंधन के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
पिछले कई वर्षों से संसद में मजबूत स्थिति रखने वाले एनडीए को इस बार जरूरी समर्थन नहीं मिल सका। इसके बाद महाराष्ट्र में भी सियासी माहौल गर्म हो गया है।
Priyanka Chaturvedi ने बिल पारित न होने पर नाराजगी जताई और अपनी पार्टी के रुख पर सवाल उठाए। वहीं Shiv Sena ने मुंबई में विरोध प्रदर्शन कर इंडिया गठबंधन के खिलाफ मोर्चा खोला।
उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि ‘नारी शक्ति’ इसका जवाब देगी। उन्होंने महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करने की जरूरत पर जोर दिया।
वहीं आदित्य ठाकरे ने इस विधेयक को लेकर अलग राय रखी। उनका कहना है कि यदि यह विधेयक पारित हो जाता, तो लोकतंत्र की पूर्ण पराजय होती। उनके इस बयान ने बहस को और तेज कर दिया है।
बिल के पारित न होने के बाद मुंबई में विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। अलग-अलग राजनीतिक दलों ने एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाए, जिससे माहौल और गरमा गया।
महिला आरक्षण बिल के मुद्दे ने एक बार फिर सत्ताधारी और विपक्षी दलों के बीच की खाई को उजागर कर दिया है। आने वाले समय में यह मुद्दा राजनीति के केंद्र में बना रह सकता है, खासकर 2029 के चुनावों को ध्यान में रखते हुए।