

Sourav Das Warning To Mumbai Police: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में कॉकरोच जनता पार्टी के सह-संयोजक सौरव दास ने पुलिस और प्रशासन के रवैये को लेकर एक महत्वपूर्ण और तीखा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मुंबई पुलिस एक अत्यंत प्रोफेशनल फ़ोर्स के रूप में जानी जाती है और जनता के मन में उसकी यही साख बनी हुई है।
उन्होंने विश्वास जताया कि मुंबई पुलिस युवाओं के साथ पूरा सहयोग करेगी, और साथ ही यह भी दोहराया कि प्रदर्शनकारी युवा भी पुलिस प्रशासन का पूरा सहयोग करेंगे।
सौरव दास ने रेखांकित किया कि देश की जेन-जी ने पहले भी जिम्मेदारी का परिचय दिया है। उन्होंने याद दिलाया कि पूर्व में भी युवाओं ने अनुशासन बनाए रखा था, जिसके परिणामस्वरूप विरोध प्रदर्शन पूरी तरह से शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। उन्होंने कहा कि देश का युवा कानून और संविधान के तय किए गए चार दायरों तथा सीमाओं के भीतर रहकर ही अपने लोकतांत्रिक अधिकारों का उपयोग करना चाहता है।
मुंबई पुलिस और प्रशासन को सख्त चेतावनी देते हुए कॉकरोच जनता पार्टी के नेता ने कहा कि पुलिस को देश के युवाओं को डराना-धमकाना तुरंत बंद कर देना चाहिए। उन्होंने पुलिस के उस रवैये पर सवाल उठाया, जिसमें बार-बार "कार्रवाई करेंगे, यह करेंगे या वह करेंगे" जैसी धमकियां दी जाती हैं। सौरव दास ने अपील की कि इस तरह की भयभीत करने वाली बयानबाजी से परहेज किया जाना चाहिए।
प्रशासन के रुख पर कड़ा प्रहार करते हुए सौरव दास ने कहा कि राइट टू प्रोटेस्ट युवाओं का संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने सीधे तौर पर कहा कि यदि मुंबई पुलिस या महाराष्ट्र सरकार को युवाओं का यह लोकतांत्रिक अधिकार पसंद नहीं है, तो उन्हें देश का संविधान बदल देना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि अगर वे संविधान नहीं बदल सकते, तो उन्हें शांत रहना चाहिए, क्योंकि युवा अपने इस अधिकार का प्रयोग हर हाल में करेंगे।
अपनी बात का समापन करते हुए सौरव दास ने स्पष्ट किया कि युवा अपने विरोध प्रदर्शन के अधिकार को मजबूती से लागू करेंगे। उन्होंने ऐलान किया कि जिस तरह मुंबई में अनुशासित प्रदर्शन हुआ है, ठीक उसी तरह पूरे देश भर में शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन का आयोजन किया जाएगा।