मुंबई में रेलवे टिकट कालाबाजारी का बड़ा भंडाफोड़, VIP कोटे के फर्जी टिकट गिरोह के 6 आरोपी गिरफ्तार

Mumbai Railway News: मालाबार हिल पुलिस ने रेलवे VIP कोटा टिकटों की कालाबाजारी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश कर मास्टरमाइंड समेत 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया।
Malabar Hill Police bust inter-state railway VIP quota ticket black-marketing racket; 6 arrested including mastermind Amrish Thakkar.
मालाबार हिल पुलिस , 6 आरोपियों (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Mumbai Railway Ticket Scam: मालाबार हिल पुलिस ने रेलवे टिकटों की कथित कालाबाजारी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। रेलवे प्रशासन की शिकायत के आधार पर शुरू हुई जांच में सामने आया कि गिरोह फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर वीआईपी कोटे से रेलवे टिकट हासिल कर रहा था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

फर्जी लेटरहेड और नकली स्टैंप का इस्तेमाल

प्रारंभिक जांच के अनुसार आरोपी 'लोक भवन' कार्यालय के नाम से फर्जी लेटरहेड, जाली हस्ताक्षर और नकली सरकारी स्टैंप का इस्तेमाल कर वीआईपी कोटे में टिकट बुक कराते थे। इसके बाद इन टिकटों का कथित रूप से अवैध तरीके से उपयोग या बिक्री की जाती थी।

तीन राज्यों में छापेमारी, मास्टरमाइंड समेत छह गिरफ्तार

मुंबई पुलिस ने उत्तर प्रदेश, गुजरात और मुंबई में समन्वित छापेमारी कर गिरोह के मुख्य सरगना अमरीश ईश्वरलाल ठक्कर (41) सहित तारिक महफूज खान (33), दीपक कुमार यादव (27), विनय विक्रम सिंह रावत (24), सागर ठक्कर (32) और क्षत्रुंजय रामकुमार यादव (34) को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार मुख्य आरोपी के खिलाफ पहले भी कुर्ला और मुंबई सेंट्रल रेलवे पुलिस थानों में इसी तरह के मामले दर्ज हैं।

मोबाइल, लैपटॉप और गोपनीय डेटा बरामद

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 12 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, 16 सिम कार्ड, 70 क्रेडिट और डेबिट कार्ड, दो नकली स्टैंप तथा 400 से अधिक वीआईपी ट्रेन बुकिंग से जुड़ा गोपनीय डेटाबेस बरामद किया है। जब्त सामग्री की फॉरेंसिक जांच कर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है।

गिरोह के पूरे नेटवर्क की जांच जारी

मुंबई पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह कितने समय से सक्रिय था, फर्जी टिकटों के जरिए कितने लोगों को लाभ पहुंचाया गया और इस नेटवर्क में अन्य लोगों की क्या भूमिका रही। मामले की विस्तृत जांच जारी है।

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