Pune Katraj Road Delay: एक साल से अधूरी सड़क, नागरिकों का सब्र जवाब दे रहा

Maharashtra News: पुणे के कात्रज इलाके में सड़क निर्माण की धीमी रफ्तार से नागरिक परेशान हैं। तय समय सीमा बीतने के बावजूद काम अधूरा, प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया जा रहा है।
Pune Water Crisis Ambegaon Junnar Tanker
पुणे वॉटर क्राइसिस टैंकर सप्लाई (सौ. फाइल फोटो )
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Pune News In Hindi: शहर के कात्रज इलाके में बुनियादी सुविधाओं को लेकर प्रशासन की लापरवाही अब खुलकर सामने आने लगी है। कात्रज तालाब से वरखडेनगर चौक तक की महत्वपूर्ण सड़क का निर्माण कार्य पिछले एक साल से बेहद धीमी गति से चल रहा है, जिससे स्थानीय नागरिकों में भारी नाराजगी देखी जा रही है।

गुजर-निंबालकरवाडी और सतारा रोड को जोड़ने वाली यह सड़क क्षेत्र के लिए जीवनरेखा मानी जाती है। लेकिन सड़क को खोदकर लंबे समय से अधूरा छोड़ दिए जाने के कारण रोजमर्रा के यातायात में भारी दिक्कतें आ रही हैं। गड्ढों, धूल और असमान सतह के चलते वाहन चालकों के साथ-साथ पैदल राहगीरों को भी जोखिम उठाना पड़ रहा है।

तय समय सीमा के बाद भी काम अधूरा

पुणे महानगरपालिका (पीएमसी) ने इस सड़क परियोजना के लिए टेंडर प्रक्रिया के दौरान 9 महीने की समय सीमा तय की थी। नियमानुसार यह कार्य जुलाई 2025 तक पूरा हो जाना चाहिए था। हालांकि समय सीमा बीतने के कई महीने बाद भी जमीनी स्तर पर काम लगभग ठप नजर आ रहा है।

नागरिकों का आरोप: सिर्फ बहानेबाज़ी

स्थानीय निवासी दिलीप जगताप ने प्रशासन पर नाराजगी जताते हुए कहा, “यह सड़क हमारे लिए जीवनरेखा जैसी है, लेकिन पिछले एक साल से इसे खोदकर लावारिस छोड़ दिया गया है। प्रशासन को हमारी तकलीफों की कोई परवाह नहीं है। समय सीमा खत्म होने के बाद अब सिर्फ झूठे बहाने बनाए जा रहे हैं।”

मनपा का पक्ष: तकनीकी कारणों से देरी

वहीं, पुणे महानगरपालिका के प्रभारी कार्यकारी अभियंता अनिल सोनवणे ने देरी का कारण बताते हुए कहा कि सड़क पर अत्यधिक यातायात और घुमावदार मोड़ों के कारण कुछ तकनीकी अड़चनें आई हैं। उन्होंने कहा, “हम संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ बैठक कर काम में तेजी लाने का प्रयास करेंगे ताकि परियोजना को जल्द से जल्द पूरा किया जा सके।”

फिलहाल, स्थानीय नागरिक जल्द समाधान की मांग कर रहे हैं और चेतावनी दे रहे हैं कि यदि काम में तेजी नहीं आई तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।

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