

Mumbai Restrictive Orders: संभावित सुरक्षा खतरों और सार्वजनिक शांति को ध्यान में रखते हुए मुंबई पुलिस ने पूरे शहर में 15 दिनों के लिए प्रतिबंधात्मक आदेश लागू किया है। यह आदेश 9 सितंबर की मध्यरात्रि से प्रभावी होकर 23 सितंबर की रात 11:59 बजे तक लागू रहेगा। पुलिस के मुताबिक, इसका उद्देश्य सार्वजनिक व्यवस्था और नागरिकों की सुरक्षा बनाए रखना है।
डीसीपी अकबर पठान के हस्ताक्षर वाली अधिसूचना के अनुसार, बिना पूर्व अनुमति के पांच या उससे अधिक लोगों के एक साथ जमा होने पर रोक रहेगी। इसके अलावा सार्वजनिक जुलूस निकालने पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। पुलिस के इस आदेश के चलते निर्धारित अवधि के दौरान मुंबई शहर में बड़े सार्वजनिक जमावड़े और आयोजनों के लिए पूर्व अनुमति लेना जरूरी होगा। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
प्रतिबंधात्मक आदेश के तहत बिना अनुमति लाउडस्पीकर, साउंड एम्प्लीफायर और म्यूजिक बैंड के इस्तेमाल पर रोक रहेगी। सार्वजनिक स्थानों पर आतिशबाजी करने की अनुमति भी नहीं होगी।
पुलिस ने यह कदम संभावित सुरक्षा चुनौतियों को देखते हुए सार्वजनिक शांति बनाए रखने के लिए उठाया है। 9 सितंबर की मध्यरात्रि से लागू होने वाला यह आदेश 23 सितंबर की रात 11:59 बजे तक प्रभावी रहेगा।
15 दिनों तक लागू रहने के कारण इसे कुछ लोगों द्वारा ‘लॉकडाउन जैसी स्थिति’ के तौर पर देखा जा सकता है, लेकिन अधिसूचना के अनुसार यह प्रतिबंधात्मक आदेश है। इसका मुख्य उद्देश्य लोगों की सामान्य आवाजाही रोकना नहीं, बल्कि बिना अनुमति होने वाले जमावड़े, जुलूस, ध्वनि उपकरणों और आतिशबाजी जैसी गतिविधियों पर नियंत्रण रखना है।
मुंबई पुलिस ने नागरिकों से आदेश का पालन करने और सार्वजनिक शांति बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है।