सड़क, मेट्रो, वाटर टैक्सी से जुड़ेगा नवी मुंबई एयरपोर्ट, NMIA से बनेगा मुंबई मल्टीमॉडल एविएशन हब

Mumbai News: नवी मुंबई एयरपोर्ट सितंबर अंत तक उद्घाटित होगा। यह देश का पहला ग्रीन मल्टीमॉडल हब बनेगा, जो सड़क, मेट्रो और वाटर टैक्सी से जुड़ेगा तथा मुंबई की एयर कैपेसिटी दोगुनी करेगा।
नवी मुंबई एयरपोर्ट (pic credit; social media)
नवी मुंबई एयरपोर्ट (pic credit; social media)
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Maharashtra News: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई जल्द ही डुअल एयरपोर्ट युग में प्रवेश करने जा रही है। सितंबर के अंत में नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे (NMIA) का उद्घाटन प्रस्तावित है। हालांकि यात्रियों के लिए इसके संचालन में करीब 45 दिन का समय लगेगा, लेकिन इसके शुरू होते ही मुंबई महानगर क्षेत्र की एयर कैपेसिटी और कनेक्टिविटी को बड़ा बढ़ावा मिलेगा। यह नया एयरपोर्ट मौजूदा छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे (CSMIA) पर दबाव कम करेगा और मुंबई को सिंगल एयरपोर्ट से मल्टीमॉडल एविएशन हब में तब्दील करेगा।

इस ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का नाम ‘डी. बी. पाटिल इंटरनेशनल एयरपोर्ट’ रखा गया है। इसे पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल पर विकसित किया जा रहा है। नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रा. लि. में अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड की 74% और सिडको की 26% हिस्सेदारी है।

चरणबद्ध विकास और ग्रीन फीचर्स

पहले चरण में करीब 20,000 करोड़ रुपये का निवेश हो चुका है। यहां एक साझा टर्मिनल और एक रनवे होगा, जो सालाना 2 करोड़ यात्रियों को संभाल सकेगा। एयरपोर्ट का डिजाइन कमल के फूल से प्रेरित है और इसे कुल 5 चरणों में विकसित किया जाएगा। 2029 तक इसकी क्षमता 5 करोड़ यात्रियों तक पहुंच जाएगी और अंतिम चरण में यह 9 करोड़ यात्रियों की सेवा कर सकेगा।

यह देश का पहला बड़ा ग्रीन एयरपोर्ट होगा, जिसमें 47 मेगावाट सोलर पावर, रेनवॉटर हार्वेस्टिंग, ई-व्हीकल्स, डिजी-यात्रा आधारित कॉन्टैक्टलेस ट्रैवल, 5G नेटवर्क और स्मार्ट बैगेज ट्रैकिंग जैसी आधुनिक सुविधाएं होंगी।

यात्री सुविधाएं और कनेक्टिविटी

एयरपोर्ट पर बच्चों के लिए प्ले एरिया, डिजिटल इंस्टॉलेशन, महाराष्ट्र की सांस्कृतिक झलक दिखाने वाला ‘एक्सपेरिमेंटल जोन’, बिजनेस लाउंज, ट्रांजिट होटल, ड्यूटी-फ्री शॉपिंग और बैगेज होम डिलीवरी जैसी सेवाएं यात्रियों को खास अनुभव देंगी।

लोकेशन के लिहाज से यह एयरपोर्ट बेहद रणनीतिक है। यह सायन-पनवेल हाईवे, अटल सेतु (मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक) और प्रस्तावित उलवे कोस्टल रोड से जुड़ा होगा। साथ ही नवी मुंबई मेट्रो, मुंबई मेट्रो और वाटर टैक्सी सेवा से कनेक्टिविटी मिलेगी।

लॉजिस्टिक्स और आर्थिक प्रभाव

पहले चरण में ही 5 लाख टन क्षमता वाला कार्गो टर्मिनल तैयार होगा, जिसे 32 लाख टन तक बढ़ाया जाएगा। जेएनपीटी पोर्ट और एमआईडीसी के पास स्थित होने से यह एयरपोर्ट एक बड़े लॉजिस्टिक हब की भूमिका निभाएगा। इंडिगो और अकासा एयर यहां से संचालन की पुष्टि कर चुके हैं, जबकि अन्य एयरलाइंस से बातचीत जारी है।

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