

Bullet Train Mumbai-Pune journey Time: मुंबई और पुणे के बीच रोजाना सफर करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मुंबई-पुणे के बीच हाईस्पीड रेल कॉरिडोर विकसित करने की घोषणा की है। प्रस्तावित बुलेट ट्रेन सेवा शुरू होने के बाद दोनों शहरों के बीच यात्रा का समय घटकर करीब 48 मिनट रह जाने की उम्मीद है। इससे नौकरी, कारोबार, शिक्षा और अन्य कारणों से दोनों शहरों के बीच नियमित यात्रा करने वाले लोगों को बड़ी राहत मिल सकती है।
रेल मंत्री ने महाराष्ट्र की खान-पान संस्कृति का मजेदार जिक्र करते हुए कहा कि ऐसा हाईस्पीड कॉरिडोर तैयार करने की योजना है, जिससे लोग मुंबई में वडापाव और पुणे में भाकरवड़ी खाने के लिए भी आसानी से आ-जा सकें। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर भी मुंबई-पुणे बुलेट ट्रेन को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है।
मुंबई और पुणे महाराष्ट्र के सबसे व्यस्त शहरों में शामिल हैं। दोनों शहरों के बीच नौकरी, व्यवसाय, शिक्षा और अन्य कामों के लिए बड़ी संख्या में लोग नियमित रूप से यात्रा करते हैं। मौजूदा समय में सड़क मार्ग पर ट्रैफिक और रेल मार्ग पर भीड़ के कारण यात्रा में काफी समय लग जाता है।
हाईस्पीड रेल सेवा शुरू होने पर दोनों शहरों के बीच यात्रा का समय काफी कम हो सकता है। इससे नियमित यात्रियों के साथ-साथ कारोबार और पर्यटन क्षेत्र को भी फायदा मिलने की संभावना है। तेज कनेक्टिविटी के कारण मुंबई और पुणे के बीच आर्थिक गतिविधियों को और गति मिलने की उम्मीद है।
केंद्र सरकार ने 2026-27 के केंद्रीय बजट में देश में सात नए हाईस्पीड रेल कॉरिडोर प्रस्तावित किए हैं। इनमें मुंबई-पुणे कॉरिडोर भी शामिल है। महाराष्ट्र के लिए घोषित योजनाओं में पुणे-हैदराबाद हाईस्पीड रेल कॉरिडोर भी शामिल है। रेल मंत्री अश्विणी वैष्णव के अनुसार, पुणे-हैदराबाद के बीच यात्रा का समय करीब 2 घंटे 8 मिनट तक लाने का लक्ष्य रखा गया है।
घोषणा के बाद अब सबसे ज्यादा उत्सुकता परियोजना की अगली प्रक्रिया को लेकर है। फिलहाल रूट, स्टेशन, किराया, निर्माण की समयसीमा और सेवा शुरू होने की तारीख से जुड़ी विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। इसलिए 48 मिनट का सफर अभी प्रस्तावित हाईस्पीड सेवा का लक्ष्य है, तत्काल उपलब्ध यात्रा सुविधा नहीं।
अब पुणे और मुंबई के यात्रियों की नजर इस बात पर है कि परियोजना का विस्तृत रूट कब तय होता है, निर्माण कब शुरू होता है और 48 मिनट में दोनों शहरों को जोड़ने वाली बुलेट ट्रेन वास्तव में कब पटरी पर दौड़ती है।