

Devendra Fadnavis Flag Off Police Fleet: मुंबई की सड़कों पर अब खाकी और भी तेज रफ्तार में नजर आएगी। शहर की सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने और अपराधों पर त्वरित लगाम लगाने के लिए महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने गुरुवार, 26 फरवरी 2026 को मुंबई पुलिस के बेड़े में 1290 नए वाहनों को शामिल किया। नरीमन पॉइंट पर आयोजित एक भव्य समारोह में इन आधुनिक गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
इन नए वाहनों के आने से न केवल पुलिस की गश्त (पेट्रोलिंग) बढ़ेगी, बल्कि आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर 100 और 112 पर मिलने वाली शिकायतों पर पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम भी काफी कम हो जाएगा।
मुंबई पुलिस को सौंपे गए इन 1290 वाहनों में 633 फोर-व्हीलर (स्कॉर्पियो और अर्मेनिया) और 657 टू-व्हीलर शामिल हैं। ये सभी गाड़ियां केवल परिवहन का साधन नहीं हैं, बल्कि चलते-फिरते कंट्रोल रूम की तरह काम करेंगी। इनमें मोबाइल डेटा टर्मिनल (MDT), जीपीएस सिस्टम और व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम जैसी अत्याधुनिक तकनीकें फिट की गई हैं। इससे मुख्य कंट्रोल रूम को यह पता रहेगा कि कौन सी गाड़ी क्राइम सीन के सबसे करीब है, जिससे पीड़ित को चंद मिनटों में मदद मिल सकेगी।
मुंबई पुलिस कमिश्नरेट के तहत आने वाले सभी 90 पुलिस स्टेशनों को इन नई गाड़ियों का लाभ मिलेगा। योजना के अनुसार, प्रत्येक पुलिस स्टेशन को 5 टू-व्हीलर, 4 स्कॉर्पियो और 1 बड़ी अर्मेनिया गाड़ी आवंटित की जाएगी। इस वितरण से जमीनी स्तर पर पुलिस की क्षमता में भारी इजाफा होगा। मुख्यमंत्री फडणवीस, जिनके पास गृह विभाग भी है, ने कहा कि "इन गाड़ियों के आने से मुंबई पुलिस की रिस्पॉन्स क्षमता वैश्विक स्तर की हो जाएगी, जिससे अपराधियों में खौफ और आम जनता में सुरक्षा का भाव बढ़ेगा।"
वर्तमान में मुंबई पुलिस का औसत रिस्पॉन्स टाइम 5.30 मिनट है, जिसे अब और भी कम करने का लक्ष्य रखा गया है। नए वाहनों के मिलने पर मुंबई पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर उत्साह जाहिर करते हुए लिखा— "ज्यादा मजबूत फ्लीट, तेज एक्शन"। गृह राज्य मंत्री योगेश कदम और पुलिस कमिश्नर देवेन भारती की मौजूदगी में हुए इस कार्यक्रम ने यह साफ कर दिया है कि सरकार मुंबई को सुरक्षित रखने के लिए संसाधनों की कोई कमी नहीं होने देगी।