

Mumbai CNG Price Hike Auto Taxi Fare Revision: मुंबई में सीएनजी की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी से मुंबई में ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पिछले छह महीनों में CNG के दाम कुल 8 रुपये प्रति किलो बढ़ चुके हैं।
ताजा बढ़ोतरी के बाद महानगर में CNG की खुदरा कीमत 89 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। बढ़ती ईंधन लागत का असर चालकों की रोजाना की कमाई पर पड़ रहा है और आने वाले समय में यात्रियों पर भी अतिरिक्त बोझ पड़ने की आशंका है।
CNG की कीमतों में इस साल अब तक कई बार बढ़ोतरी की गई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 12 अप्रैल को 1 रुपये, 14 मई को 2 रुपये, 30 मई को 2 रुपये, 1 सितंबर को 2 रुपये और 1 अक्टूबर को 1 रुपये की बढ़ोतरी हुई। इस तरह छह महीने में कुल 8 रुपये प्रति किलो की वृद्धि हुई है।
CNG के दाम बढ़ने से ऑटो और टैक्सी की परिचालन लागत लगातार बढ़ रही है। चालकों के अनुसार, ईंधन पर होने वाला खर्च उनकी रोजाना की कमाई का बड़ा हिस्सा खा रहा है। परिवार का खर्च, वाहन का रखरखाव और ईंधन लागत निकालने के बाद बचत कम होती जा रही है।
ऑटो-रिक्शा यूनियन के अध्यक्ष थम्पी कुरियन के अनुसार, यदि परिचालन लागत इसी तरह बढ़ती रही तो किराए में संशोधन की मांग करना जरूरी हो सकता है। उन्होंने बताया कि मुंबई सीएनजी में महंगी होने से प्रति किलोमीटर ईंधन खर्च में भी वृद्धि हुई है।
टैक्सी चालक सुशील सिंह ने कहा कि CNG की बढ़ती कीमतों के कारण रोजाना वाहन चलाने का खर्च बढ़ गया है। वहीं, रिक्शा चालक ओमप्रकाश यादव के मुताबिक, दिनभर मेहनत करने के बावजूद ईंधन और वाहन रखरखाव का खर्च निकालने के बाद बहुत कम राशि बचती है।
मुंबई महानगर क्षेत्र परिवहन प्राधिकरण ने कुछ समय पहले ही ऑटो और टैक्सी के न्यूनतम किराए में संशोधन किया था। इसके बाद टैक्सी का न्यूनतम किराया 31 रुपये से बढ़कर 33 रुपये, जबकि ऑटो रिक्शा का न्यूनतम किराया 26 रुपये से बढ़कर 27 रुपये हो गया था।
मुंबई महानगर क्षेत्र में करीब 5.50 लाख ऑटो रिक्शा और लगभग 50 हजार काली-पीली टैक्सियां संचालित होती हैं। CNG की कीमतों में लगातार वृद्धि से इन वाहनों के चालकों की परिचालन लागत पर सीधा असर पड़ रहा है।
यदि ईंधन की कीमतों में और बढ़ोतरी होती है, तो यूनियनों की ओर से किराया संशोधन की मांग उठ सकती है, जिसका असर आम यात्रियों के दैनिक परिवहन खर्च पर पड़ सकता है।