मानसून के लिए तैयार मुंबई एयरपोर्ट, CSMIA के दोनों रनवे का मेंटेनेंस पूरा, 6 घंटे बाद उड़ानें फिर से शुरू

Mumbai Airport Update: मानसूनपूर्व रनवे के वार्षिक रखरखाव का काम पूरा हो गया है। 6 घंटे के ब्लॉक के बाद दोनों रनवे अब उड़ानों के लिए पूरी तरह तैयार और सुरक्षित हैं। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।
Mumbai Airport Ready for Monsoon: Maintenance of Both CSMIA Runways Completed; Flights Resume After 6 Hours
रनवे पर मेंटेनंस कार्य चलते हुए (सोर्स: सोशल मीडिया)
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CSMIA Runway Maintenance Completed: मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (MIAL) द्वारा संचालित छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट (CSMIA) ने मानसून के मौसम से पहले अपनी परिचालन तैयारियों को मजबूत करते हुए वार्षिक रनवे रखरखाव कार्यक्रम (Runway Maintenance Programme) सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। भारी बारिश के दौरान भी हवाई यात्रा को सुरक्षित और निर्बाध बनाने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है।

6 घंटे चला विशेष मेंटेनेंस ब्लॉक

हवाई अड्डे के दोनों प्रमुख रनवे पर यह रखरखाव कार्य आज सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे के बीच निर्धारित छह घंटे की विंडो में किया गया। इस दौरान रनवे से जुड़ी तकनीकी बारीकियों की जांच की गई और आवश्यक सुधार किए गए। मानसून पूर्व इस कवायद का मुख्य उद्देश्य जलजमाव जैसी स्थितियों से निपटना और रनवे की मजबूती सुनिश्चित करना है ताकि बारिश के दौरान भी विमानों की लैंडिंग और टेकऑफ सुरक्षित रहे।

रनवे 09/27 और 14/32 अब पूरी तरह बहाल

इस अभियान के तहत मुख्य रनवे 09/27 (3,448 मीटर) और दूसरे रनवे 14/32 (2,871 मीटर) का गहन निरीक्षण किया गया। इन दोनों रनवे को अब पूरी तरह से बहाल कर दिया गया है और ये उड़ानों के लिए पूरी तरह कार्यात्मक हैं।

मेंटेनेंस के दौरान एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) के साथ समन्वय कर उड़ानों के शेड्यूल में बदलाव किया गया था, जिससे यात्रियों को कम से कम असुविधा हो। अब शाम 5 बजे के बाद से हवाई अड्डे पर परिचालन फिर से सामान्य हो गया है।

क्यों जरूरी है यह रखरखाव?

मुंबई की भारी बारिश हवाई जहाजों के संचालन के लिए बड़ी चुनौती होती है। रनवे पर पानी जमा होना या फिसलन की स्थिति किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। वार्षिक रखरखाव के दौरान रनवे की सतह (Resurfacing), लाइटों की मरम्मत और ड्रेनेज सिस्टम की सफाई की जाती है, ताकि भारी वर्षा के दौरान भी अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मानकों को बनाए रखा जा सके। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे 7 मई को अपनी उड़ानों की स्थिति जानने के लिए संबंधित एयरलाइंस के संपर्क में रहें।

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