

Maharashtra Power Model Mahavitran Success: ऊर्जा के क्षेत्र में इनोवेशन और ग्रीन एनर्जी पर फोकस कर जिस तरह की तेज प्रगति महाराष्ट्र ने की है, उसे देख अन्य राज्य भी प्रभावित हो रहे हैं। महाराष्ट्र सरकार की प्रमुख बिजली वितरण कंपनी महावितरण अब भारी घाटे से उबर कर तेजी से ग्रोथ करने लगी है।
यह सक्सेस पावर मॉडल अब राजस्थान भी अपनाना चाहता है। अपने राज्य में भी इन्हीं सुधारों के लिए राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने महाराष्ट्र ऊर्जा विभाग के उच्च अधिकारियों को आमंत्रित कर उनसे महाराष्ट्र के सफल मॉडल के बारे में विस्तृत जानकारी ली और सहयोग मांगा।
इस संबंध में महाराष्ट्र ऊर्जा विभाग के उच्च अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ राजस्थान के मुख्यमंत्री, ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर, मुख्य सचिव वी.श्रीनिवास सहित ऊर्जा विभाग के अधिकारियों की जयपुर में बुधवार को एक बैठक हुई। इस बैठक में महाराष्ट्र के ऊर्जा विभाग की अपर मुख्य सचिव आभा शुक्ला और महावितरण के अध्यक्ष व प्रबंध निदेशक लोकेश चंद्र सहित कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
इस बैठक में महाराष्ट्र के इन वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने राज्य में लागू किए गए बिजली क्षेत्र के नवाचारों, स्मार्ट मीटर प्रणाली, किसानों को रिकॉर्ड सौर पंप वितरण, प्रधानमंत्री सूर्यघर बिजली योजना की भारी सफलता, बिजली वितरण में लीकेज व घाटा कम करने की रणनीति, उपभोक्ता सेवाओं में सुधार से जुड़ी योजनाओं एवं अनुभव साझा किए।
जिन्हें अब राजस्थान में लागू कर राज्य की बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) को मजबूती प्रदान की जाएगी। उल्लेखनीय है कि केंद्रीय ऊर्जा मंत्रालय ने भी महाराष्ट्र में अपारंपरिक ऊर्जा के विकास सहित उपभोक्ताओं के लिए शुरू की गई उत्तम विद्युत वितरण व्यवस्था की सराहना की है।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री एवं ऊर्जामंत्री देवेंद्र फडणवीस के मार्गदर्शन में महावितरण के अध्यक्ष व प्रबंध निदेशक लोकेश चंद्र ने महावितरण को घाटे से उबार कर अब लाभप्रद सार्वजनिक ऊर्जा उपक्रम बना दिया है। संभवतः अब महावितरण देश में सबसे अधिक लाभ कमाने वाली सार्वजनिक बिजली वितरण कंपनी बन गयी है। महाराष्ट्र देश का पहला राज्य है, जिसने अगले 5 वर्षों में लगातार बिजली सस्ती करने की घोषणा की है। इसी सफल मॉडल को राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश तथा अन्य राज्यों की बिजली वितरण कंपनियां अपनाना चाहती है क्योंकि बिजली वितरण क्षेत्र में अधिकांश राज्य विगत कई वर्षों से भारी घाटे से जूझ रहे हैं।
मुंबई से नवभारत लाइव के लिए सूर्यप्रकाश मिश्र की रिपोर्ट