

Rapido Partnership Digital Services: महाराष्ट्र में डिजिटल क्रांति को और अधिक सुलभ और सुरक्षित बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक साहसिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की उपस्थिति में 'महाराष्ट्र इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी कारपोरेशन लिमिटेड' (महा आईटी) और देश के अग्रणी मोबिलिटी प्लेटफॉर्म 'रैपिडो' के बीच एक सामंजस्य समझौते (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस अवसर पर उप-मुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार और आईटी मंत्री एडवोकेट आशीष शेलार की विशेष उपस्थिति रही।
इस साझेदारी का मुख्य उद्देश्य राज्य सरकार की लोक-कल्याणकारी योजनाओं को सीधे आम नागरिकों के स्मार्टफोन तक पहुंचाना है। रैपिडो का विशाल कैप्टन (चालक) नेटवर्क अब सरकार की योजनाओं के 'सूचना दूत' की भूमिका निभाएगा। आपले सरकार, 'महा आईडी' और 'महासारथी' जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म्स का प्रचार रैपिडो ऐप के माध्यम से किया जाएगा। ऐप पर विशेष बैनर्स और नोटिफिकेशंस के जरिए नागरिकों को योजनाओं के लाभ और पंजीकरण प्रक्रिया के बारे में सूचित किया जाएगा।
सुरक्षा के मोर्चे पर महा आईटी और रैपिडो ने एक व्यापक खाका तैयार किया है।
यह एमओयू केवल तकनीक तक सीमित नहीं है, बल्कि यह युवाओं के सशक्तिकरण का मार्ग भी प्रशस्त करता है, राज्य के टियर-3 और टियर-4 शहरों में कौशल विकास और डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देने के लिए विशेष फेलोशिप कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। पवन गुंटुपल्ली (सह-संस्थापक, रैपिडो) के अनुसार, यह पहल न केवल डिजिटल समावेशन को बढ़ावा देगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित करेगी।
राज्य सरकार के डिजिटल विजन और रैपिडो के व्यापक नेटवर्क का यह मिलन, भविष्य में महाराष्ट्र के मोबिलिटी इकोसिस्टम को पूरी तरह से बदलने की क्षमता रखता है। यह कदम राज्य के सुदूर इलाकों में रहने वाले नागरिकों के लिए डिजिटल सेवाओं को एक 'वन-क्लिक' समाधान बनाने की दिशा में बड़ा मील का पत्थर साबित होगा।