

Maharashtra Global Investment Hub: महाराष्ट्र देश का ग्रोथ इंजन है और विदेशी इन्वेस्टर्स के लिए सबसे पसंदीदा राज्य है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि राज्य सरकार की इंडस्ट्री-फ्रेंडली पॉलिसी की वजह से महाराष्ट्र दुनिया भर की कंपनियों के लिए 'ग्लोबल इन्वेस्टमेंट हब' के तौर पर उभर रहा है।
उन्होंने यह बात भारत में डेनमार्क के राजदूत रासमस एबिलगार्ड क्रिस्टेंसन के साथ सरकारी आवास वर्षा में गुडविल विजिट के मौके पर कही। इस दौरान सीएम देवेंद्र फडणवीस ने क्रिस्टेंसन के साथ महाराष्ट्र में इन्वेस्टमेंट के मौकों, पोर्ट डेवलपमेंट, शिपिंग, एनर्जी और वॉटर मैनेजमेंट पर अहम चर्चा की।
इस मौके पर एम्बेसडर रासमस एबिलगार्ड क्रिस्टेंसन, फर्स्ट सेक्रेटरी (ट्रेड पॉलिसी और इकोनॉमिक अफेयर्स) मथियास एमिल बेंग्टसन और डेनमार्क के मुंबई कॉन्सुलेट के ऑनरेरी डिप्टी कॉन्सुल जनरल कन्नन नटराजन मौजूद थे।
मुख्यमंत्री ने डेनमार्क के प्रतिनिधियों को पालघर में बने रहे वाढवण पोर्ट प्रोजेक्ट के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि यह पोर्ट महाराष्ट्र और देश को ग्लोबल लेवल पर एक समुद्री सुपर पावर बनने का मौका देगा। इससे लॉजिस्टिक्स और एक्सपोर्ट ग्रोथ को काफी बढ़ावा मिलेगा। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि राज्य में वॉटर ट्रांसपोर्ट सिस्टम को बढ़ावा देने के लिए एक बड़े वॉटर टैक्सी प्रोजेक्ट को लागू करने का फैसला किया गया है। इसके लिए एक पूरा सिस्टम डेवलप करने और एक असरदार कंट्रोल सिस्टम बनाने पर जोर दिया जाएगा।
डेनमार्क के एम्बेसडर क्रिस्टेंसन ने कहा कि डेनमार्क ने अपने तटीय इलाकों और कम दूरी की फेरी सर्विस में इलेक्ट्रिक टेक्नोलॉजी का सफलतापूर्वक इस्तेमाल किया है और ऐसी टेक्नोलॉजी मुंबई-कोंकण तट के लिए भी बहुत काम आ सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि लगभग 60 डेनिश कंपनियां मुंबई और पुणे इलाकों में मैन्युफैक्चरिंग, रिटेल, सर्विसेज, शिपिंग वगैरह सेक्टर में काम कर रही हैं। दोनों देशों का मानना है कि ग्रीन स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप के तहत एक अहम पार्टनर बन सकते हैं।