

Maharashtra Congress Restructuring Posts: महाराष्ट्र में कांग्रेस पार्टी खुद को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के लिए एक व्यापक पुनर्गठन अभियान चला रही है।
पार्टी ने इसे 'संगठन सृजन' कार्यक्रम का नाम दिया है, जिसके तहत आगामी 2 महीनों के भीतर राज्य में बड़े पैमाने पर फेरबदल की तैयारी है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य संगठन में नई ऊर्जा फूंकना और आगामी चुनावों के लिए एक सक्षम टीम तैयार करना है। प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल के अनुसार, पार्टी ने जिला और तालुका स्तर पर लगभग 8 हजार नए पदाधिकारियों की नियुक्ति करने का लक्ष्य रखा है।
संगठनात्मक दृष्टि से अब तक महाराष्ट्र में कांग्रेस के 60 जिले थे जिनमें से 45 जिलाध्यक्षों को बदलने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही, पार्टी ने हाल ही में 12 नए संगठनात्मक जिले भी गठित किए हैं। इस प्रकार, प्रदेश में कुल 57 नए जिलाध्यक्षों की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
यह कदम पार्टी के भीतर युवाओं और नए चेहरों को आगे लाने की रणनीति का हिस्सा है। इस पूरी चयन प्रक्रिया को पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने दिल्ली से विशेष पर्यवेक्षक महाराष्ट्र भेजे हैं। ये पर्यवेक्षक प्रत्येक जिले का दौरा कर जमीनी रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं।
अखिल भारतीय कांग्रेस ने संगठन में गतिशीलता बनाए रखने के लिए '5 साल' का कड़ा मानदंड निर्धारित किया है। जिन जिलाध्यक्षों का कार्यकाल 5 वर्ष या उससे अधिक हो चुका है, उन्हें अनिवार्य रूप से पदमुक्त किया जाएगा। पार्टी का मानना है कि लंबे समय से एक ही पद पर बने रहने से संगठन में जड़ता आ जाती है, जिसे दूर करने के लिए अब अनुभवी नेताओं के स्थान पर नए नेतृत्व को कमान सौंपी जाएगी।