

Mumbai Local Train Crime Control : मुंबई लोकल में बढ़ती मारपीट, चाकूबाजी, चोरी और महिलाओं से दुर्व्यवहार जैसी घटनाओं पर अब डिजिटल निगरानी का सख्त पहरा लगने जा रहा है। यात्रियों की सुरक्षा को नई मजबूती देने के लिए मध्य रेलवे ने पूरे लोकल बेड़े को चरणबद्ध तरीके से सीसीटीवी निगरानी के दायरे में लाने की तैयारी तेज कर दी है। फिलहाल 2,194 डिब्बों में से 888 में कैमरे लगाए जा चुके हैं, जबकि शेष 1,306 डिब्बों में सीसीटीवी लगाने के लिए निविदा प्रक्रिया जारी है।
परियोजना पूरी होने के बाद लोकल के हर डिब्बे में होने वाली हर गतिविधि कैमरों में कैद होगी, जिससे अपराधों की रोकथाम, आरोपियों की पहचान और त्वरित कार्रवाई पहले से कहीं अधिक प्रभावी हो सकेगी। भीड़भाड़ वाली मुंबई लोकल में सफर अब केवल समय से दौड़ नहीं, बल्कि सुरक्षा की भी चुनौती बन गया है।
पिछले कुछ महीनों में मारपीट, चाकूबाजी, मिर्च स्प्रे, महिलाओं से दुर्व्यवहार और चोरी की बढ़ती घटनाओं ने उपनगरीय रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं, लोकल ट्रेनों में होने वाले कई अपराधों की जांच में अब तक सबसे बड़ी समस्या ठोस सबूतों की कमी रही है। कई मामलों में जांच यात्रियों द्वारा मोबाइल फोन से बनाए गए वीडियो पर ही निर्भर रहती थी।
सीसीटीवी प्रणाली पूरी तरह लागू होने के बाद मारपीट, चोरी, महिलाओं से छेड़छाड़, चाकूबाजी और अन्य अपराधों के आरोपियों तक तेजी से पहुंचना संभव होगा, घटनाओं के स्पष्ट दृश्य साक्ष्य उपलब्ध होने से जांच की गति बढ़ेगी, दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई हो सकेगी और लोकल ट्रेनों की सुरक्षा को लेकर यात्रियों का विश्वास भी मजबूत होगा।