सलीम डोला का होगा मुंबई क्राइम ब्रांच से सामना; सांगली, मैसूर और तेलंगाना ड्रग्स फैक्ट्री कांड में होगी पूछताछ

Salim Dola Custody Mumbai Crime Branch: दाऊद इब्राहिम के करीबी सलीम डोला को आज दिल्ली से मुंबई लाया जाएगा। ड्रग्स तस्करी के मामलों में क्राइम ब्रांच उससे करेगी पूछताछ।
Salim Dola Custody Mumbai Crime Branch
मुंबई क्राइम ब्रांच को सलीम डोला की कस्टडी सौंपी जाएगी (फोटो क्रेडिट-X)
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Salim Dola News Update: अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के वैश्विक नेटवर्क को संचालित करने वाले सलीम डोला को बुधवार (29 अप्रैल) को दिल्ली से मुंबई लाया जा रहा है। सलीम डोला को हाल ही में तुर्किए के इस्तांबुल में एक अंतरराष्ट्रीय संयुक्त ऑपरेशन के तहत हिरासत में लिया गया था, जो भारतीय खुफिया एजेंसियों के लिए एक बड़ी सफलता मानी जा रही है। मंगलवार की सुबह एक विशेष विमान से उसे दिल्ली के टेक्निकल एयरपोर्ट पर उतारा गया था, जहाँ केंद्रीय खुफिया एजेंसियों और एनसीबी (NCB) की टीमों ने उससे कई घंटों तक गहन पूछताछ की है।

सलीम डोला लंबे समय से भारतीय जांच एजेंसियों की राडार पर था और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फरार चल रहा था। मार्च 2024 में भारत सरकार के विशेष अनुरोध पर इंटरपोल ने उसके खिलाफ रेड नोटिस भी जारी किया था। डोला मूल रूप से मुंबई का निवासी है, लेकिन वह विदेश में बैठकर भारत के भीतर सिंथेटिक ड्रग्स के अवैध कारोबार का प्रबंधन कर रहा था। एनसीबी ने अदालत को स्पष्ट किया है कि डोला के खिलाफ मुंबई में कई गंभीर मामले दर्ज हैं, जिसके चलते उसे आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए मुंबई लाना अनिवार्य है।

क्राइम ब्रांच की रडार पर 'ड्रग्स फैक्ट्री' मामले

मुंबई क्राइम ब्रांच ने सलीम डोला की कस्टडी लेने के लिए अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। जांचकर्ताओं का मुख्य ध्यान महाराष्ट्र के सांगली, कर्नाटक के मैसूर और तेलंगाना में पकड़ी गई ड्रग्स फैक्ट्रियों पर है। इन तीनों ही मामलों में डोला का नाम मुख्य मास्टरमाइंड के तौर पर सामने आया है। क्राइम ब्रांच यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि डोला इन फैक्ट्रियों को फंडिंग कैसे करता था और तैयार किए गए सिंथेटिक ड्रग्स को किन रास्तों से देशभर में सप्लाई किया जाता था।

विदेशी नेटवर्क और सप्लाई चेन का खुलासा

जांच एजेंसियों का दावा है कि सलीम डोला केवल एक संचालक नहीं, बल्कि दाऊद इब्राहिम के ड्रग्स साम्राज्य का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। वह विदेश में बैठकर पूरे ड्रग्स नेटवर्क को रिमोट कंट्रोल से संचालित कर रहा था। एजेंसियों को उम्मीद है कि डोला की गिरफ्तारी से भारत में सक्रिय सिंथेटिक ड्रग्स की सप्लाई चेन के बारे में कई चौंकाने वाली जानकारियां मिलेंगी, जिससे भविष्य में इस तरह के अवैध धंधों पर लगाम लगाई जा सकेगी।

दिल्ली में हुई शुरुआती पूछताछ के मायने

दिल्ली के टेक्निकल एयरपोर्ट पर डोला से हुई पूछताछ में कई महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं। केंद्रीय खुफिया एजेंसियां यह जानने का प्रयास कर रही हैं कि डोला को किन विदेशी ताकतों का समर्थन प्राप्त था और इस्तांबुल में वह किसके संरक्षण में छिपा हुआ था। मुंबई लाए जाने के बाद एनसीबी पहले खुद उससे पूछताछ करेगी और फिर उसे आगे की विस्तृत जांच के लिए मुंबई क्राइम ब्रांच के सुपुर्द कर दिया जाएगा। इस प्रत्यर्पण को अंडरवर्ल्ड के अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स सिंडिकेट की कमर तोड़ने के रूप में देखा जा रहा है।

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