

Mumbai Slum Rehabilitation BMC Demolition News: बीएमसी चुनाव के दौरान सत्ताधारी भाजपा-शिवसेना की ओर से 18 फुट तक की झोपड़ियों को नियमित करने का दावा किया गया था। अब 14 फुट से अधिक ऊंचाई वाली झोपड़ियों के खिलाफ बीएमसी की प्रस्तावित कार्रवाई को लेकर समाजवादी पार्टी के विधायक रईस शेख ने सत्ताधारी भाजपा-शिवसेना से अपनी भूमिका स्पष्ट करने की मांग की है।
विधायक शेख ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से इस अभियान पर तत्काल रोक लगाने की अपील करते हुए कहा कि कार्रवाई से बड़ी संख्या में झोपड़पट्टीवासियों के बेघर होने का खतरा है। रईस शेख के मुताबिक 14 फुट से अधिक ऊंचाई वाली झोपड़ियों को संरक्षण देने की बात कही गई थी।
बीएमसी ने 1 अक्टूबर से 14 फुट से अधिक ऊंचाई वाली झोपड़ियों के खिलाफ तोड़क कार्रवाई शुरू करने का निर्णय क्यों लिया, यह स्पष्ट किया जाना चाहिए। उन्होंने इसे मुंबई के रहवासियों के साथ विश्वासघात बताया।
शेख ने कहा कि मुंबई में बड़ी संख्या में लोग झोपड़पट्टियों में रहते हैं और उनके पुनर्वास का मुद्दा संवेदनशील है। उनके अनुसार, झोपड़पट्टी पुनर्वसन प्राधिकरण (एसआरए) के एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए मुंबई में झोपड़पट्टियों का विस्तार बड़े भूभाग तक है और शहर की आबादी का एक बड़ा हिस्सा इन क्षेत्रों में निवास करता है।
बीएमसी के आंकड़ों का हवाला देते हुए शेख ने दावा किया कि पालिका क्षेत्र में कुल 2 लाख 23 हजार 150 झोपड़ियां हैं, जिनमें 39 हजार 111 झोपड़ियां 14 फुट या उससे अधिक ऊंचाई की हैं। उनका कहना है कि प्रस्तावित कार्रवाई से बड़ी संख्या में गरीब परिवार प्रभावित हो सकते हैं।
विधायक ने सवाल उठाया कि एक ओर महायुति सरकार एसआरए परियोजनाओं को गति दे रही है, वहीं दूसरी ओर झोपड़ियां हटाने की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री से बीएमसी की विशेष मुहिम पर पुनर्विचार करने और 14 फुट से अधिक ऊंचाई वाली झोपड़ियों में रहने वाले लोगों को राहत देने की मांग की। साथ ही भाजपा-शिवसेना नेतृत्व से इस मुद्दे पर अपना रुख स्पष्ट करने को कहा।