चीनी मिलों को राहत, प्याज किसानों को सीधा लाभ, दिल्ली बैठक में फडणवीस अमित शाह के बीच बनी ऐतिहासिक सहमति

Maharashtra Farmers News: महाराष्ट्र के गन्ना और प्याज किसानों के लिए केंद्र सरकार की नई नीति। चीनी की MSP में वृद्धि, इथेनॉल कोटा बढ़ाने और सीधे किसानों से 10 लाख टन प्याज खरीदने का बड़ा फैसला।
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प्याज व गन्ना कृषक (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Maharashtra Sugarcane Onion Farmers Relief: केंद्र सरकार ने महाराष्ट्र के कृषि क्षेत्र, विशेष रूप से गन्ना और प्याज उत्पादक किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक निर्णय लेने की दिशा में सकारात्मक कदम बढ़ाए हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के अनुसार, दिल्ली में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के साथ हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में किसानों और सहकारी क्षेत्र की लंबे समय से लंबित मांगों पर आम सहमति बनी है।

चीनी उद्योग और गन्ना किसानों के लिए राहत

बैठक में विशेष रूप से चीनी उद्योग से जुड़ी समस्याओं पर चर्चा की गई। केंद्र सरकार ने इस बात को स्वीकार किया है कि चीनी के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि करना समय की मांग है और इस पर जल्द ही निर्णय लिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, चीनी मिलों की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए सरकार ने अगले दो महीनों के भीतर इथेनॉल कोटा बढ़ाने का आश्वासन दिया है। नकदी संकट से जूझ रही सहकारी चीनी मिलों के लिए ऋण पुनर्गठन और ब्याज में वित्तीय रियायत देने जैसे महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर भी केंद्र ने सकारात्मक रुख दिखाया है। इस बैठक में मुख्यमंत्री के साथ उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, सुनेत्रा पवार और केंद्रीय उपभोक्ता मामले एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रल्हाद जोशी सहित कई महत्वपूर्ण नेता उपस्थित थे।

प्याज उत्पादकों के लिए प्रमुख घोषणाएं

प्याज किसानों के लिए सबसे बड़ा बदलाव उनकी उपज की खरीद प्रक्रिया में किया गया है। अब सरकारी एजेंसियां जैसे नाफेड और एनसीसीएफ व्यापारियों के माध्यम से खरीद करने के बजाय सीधे किसानों से प्याज की खरीद करेंगी। इससे बिचौलियों का प्रभाव कम होगा और किसानों को बेहतर मूल्य मिल सकेगा। इसके साथ ही, प्याज खरीद के लक्ष्य को वर्तमान 2 लाख टन से बढ़ाकर 10 लाख टन करने के प्रस्ताव पर भी केंद्र सरकार ने सकारात्मक चर्चा की है। इसके अलावा, प्याज के बीजों के निर्यात पर अधिभार और यांत्रिक ग्रेडिंग जैसे विषयों पर भी ध्यान दिया गया है ताकि किसानों को उचित न्याय मिल सके।

किसानों की मांगो की बड़ी जीत

ये सभी निर्णय महाराष्ट्र के सहकारी क्षेत्र को मजबूती प्रदान करने और किसानों की आय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिए गए हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसे किसानों की मांगों की एक बड़ी जीत बताया है और उम्मीद जताई है कि इन निर्णयों के कार्यान्वयन से राज्य के कृषि परिदृश्य में बड़ा सकारात्मक बदलाव आएगा,। यह नीति न केवल बाजार में स्थिरता लाएगी, बल्कि किसानों को भविष्य के लिए आर्थिक सुरक्षा भी प्रदान करेगी।

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